Page 1
NCERT
SOLUTIONS
CLASS - 12th
aglase .co
Page 2
Book : Samkalin Vishwa Rajniti Ncert Solutions | Chapter - 8 Social Science Political Science
Class : 12th
Subject : Political science
Chapter : 8
Chapter Name : पयावण और ाकृ तक संसाधन
Q1 न न ल खत म से कौन पयावरण के बारे म बढ़ती चंताओं का कारण बताता है ?
(अ) वक सत दे श कृ त क र ा के लए चं तत ह।
(ब) पयावरण का संर ण वदे शी लोग और ाकृ तक आवास के लए मह वपण
ू है ।
(स) मानवीय ग त व धय के कारण होने वाला पयावरणीय ास यापक हो गया है और खतरनाक तर पर पहुँच
गया है ।
(द) उपरो त म से कोई नह ं
Answer. (स) मानवीय ग त व धय के कारण होने वाला पयावरणीय ास यापक हो गया है और खतरनाक तर
पर पहुँच गया है ।
Page : 134 , Block Name : नावल
Q2 प ृ वी शखर स मेलन के बारे म न न कथन म से येक के खलाफ सह या गलत को चि नत कर-
(अ) इसम 170 दे श , हजार एनजीओ और कई बहुरा य कंप नय ने भाग लया।
(ब) शखर स मेलन संयु त रा के त वावधान म आयोिजत कया गया था।
(स) पहल बार, वैि वक पयावरणीय मु द को राजनी तक तर पर मजबत
ू ी से पेश कया गया।
(द) यह एक महास मेलनी बैठक थी।
Answer.
(अ) सह
Page 1 of 4
Page 3
Book : Samkalin Vishwa Rajniti Ncert Solutions | Chapter - 8 Social Science Political Science
(ब) गलत
(स) सह
(द) गलत
Page : 134 , Block Name : नावल
Q3 न न ल खत म से कौन ' व व क साझी वरासत' के बारे म सच है ?
(अ) प ृ वी के वायम
ु ड
ं ल, अंटाक टका, समु तल और बाहर अंत र को ' व व क साझी वरासत' माना जाता है ।
(ब) ' व व क साझी वरासत' सं भु े ा धकार के बाहर ह।
(स) ' व व क साझी वरासत' के बंधन के सवाल पर उ र-द ण दे श के बीच मतभेद है ।
(द) उ र के दे श, द ण के दे श क तल
ु ना म ' व व क साझी वरासत' के संर ण के लए अ धक चं तत ह।
Answer. (अ) प ृ वी के वायम
ु ड
ं ल, अंटाक टका, समु तल और बाहर अंत र को ' व व क साझी वरासत' माना
जाता है ।
Page : 134 , Block Name : नावल
Q4 रयो- शखर स मेलन के प रणाम या थे?
Answer. रयो- शखर स मेलन के व भ न सकारा मक प रणाम दे खने को मले, इसे पयावरण के े म एक
आव यक शखर स मेलन भी माना गया। रयो- शखर स मेलन ने जलवायु प रवतन, जैव व वधता, वा नक से
संबं धत स मेलन का उ पादन कया और एजडा 21 नामक वकास थाओं क एक सच ू ी क सफा रश क । इसने
सतत वकास क अवधारणा को पा रि थ तक िज मेदार के साथ संयु त आ थक वकास दया। रयो- शखर
स मेलन ने पयावरण क वैि वक राजनी त म ' व व क साझी वरासत' जैसे व भ न ववादा पद मु द को
वक सत कया। इस लए, हम रयो- शखर स मेलन के मह व को दे ख सकते ह।
Page : 134 , Block Name : नावल
Page 2 of 4
Page 4
Book : Samkalin Vishwa Rajniti Ncert Solutions | Chapter - 8 Social Science Political Science
Q5 ' व व क साझी वरासत' का या मतलब है ? वे कैसे शो षत और द ू षत ह?
Answer. कसी एक रा य के अ धकार े से बाहर ि थत े , अंतरा य समद ु ाय के अधीन आते है िजसे
' व व क साझी वरासत' कहते है । जैसे प ृ वी का वातावरण, अंटाक टक महासागर और बाहर अंत र । अ प ट
वै ा नक सबत ू , पयावरणीय मु द पर आम सहम त क कमी के कारण उनको शो षत और द ू षत कया जाता
है । उ र-द ण असमानताएं भी थीं और उनक शोषणकार ग त व धयां और त पधा म अंत र के उ चत
बंधन का अभाव था।
Page : 134 , Block Name : नावल
Q6 'साझी पर तु अलग-अलग िज मेदा रय ' से या अ भ ाय है ? हम इस वचार को कैसे लागू कर सकते ह?
Answer. पयावरण संर ण जैसे मु दे ह िज ह सामा य ले कन वभे दत िज मेदा रय वारा संद भत कया
जाता है । सामा य ले कन वभे दत िज मेदा रय का प ट अथ है क दे श प ृ वी के पा रि थ तक तं के वा य
और अखंडता के संर ण, र ा और बहाल करने के लए वैि वक साझेदार क भावना म सहयोग करे गा। वक सत
दे श इस बात को वीकार करते ह क वैि वक पयावरण पर उनके समाज के दबाव और उनके वारा आदे शत
तकनीक और व ीय संसाधन को यान म रखते हुए सतत वकास क अंतरा य खोज म उनक िज मेदार है ।
हम जन ू 1992 म आयोिजत रयो- शखर स मेलन जैसे स मेलन और घोषणाओं क मदद से इस वचार को लागू
कर सकते ह। रयो- शखर स मेलन ने जलवायु प रवतन, जैव व वधता, वा नक से नपटने वाले स मेलन का
उ पादन कया और एजडा 21 नामक वकास थाओं क एक सच ू ी क सफा रश क ।
Page : 134 , Block Name : नावल
Q7 1990 के दशक से ह वैि वक पयावरण संर ण से जड़
ु े मु दे दे शो क ाथ मक चंता य बन गए ह?
Answer. वैि वक पयावरण संर ण से संबं धत मु दे 1990 के दशक के बाद से दे शो क ाथ मक चंता बन गए
य क वैि वक तर पर, पयावरणीय मु द ने जन ू 1992 म एजडा 21 के तहत ाजील के रयो- ड-जेने रयो, म
आयोिजत पयावरण और वकास पर संयु त रा स मेलन म व भ न दे शो क उपि थ त को आक षत कया।
रयो- शखर स मेलन 1992 जलवायु प रवतन, जैव- व वधता और वा नक से नपटा। एजडा 21 ने पा रि थ तक
िज मेदा रय के साथ आ थक वकास को संयु त कया। योटो ोटोकॉल ने ीनहाउस उ सजन के लए ल य भी
तय कए। उपयु त स मेलन और शखर स मेलन ने वैि वक तर पर पयावरण के मु द को व भ न तर क से
उठाया। वतमान समय म हम इन मु द के मह व को दे खते ह जो कसी एक रा के लए नह ं बि क व व के
लए मह वपण ू ह।
Page 3 of 4
Page 5
Book : Samkalin Vishwa Rajniti Ncert Solutions | Chapter - 8 Social Science Political Science
Page : 134 , Block Name : नावल
Q8 दे शो के सामने सबसे गंभीर चनु ौती वैि वक पयावरण को और नक
ु सान पहुंचाए बना आ थक वकास को आगे
बढ़ाने क है । हम इसे कैसे हा सल कर सकते ह? कुछ उदाहरण के साथ समझाइए।
Answer. ऐसे कई तर के ह िजनसे वैि वक पयावरण को नक ु सान पहुंचाए बना भी आ थक वकास हा सल कया
जा सकता है । हमने दे खा क जन
ू 1992 म, प ृ वी शखर स मेलन ने पयावरण को नक ु सान पहुँचाए बना थायी
वकास के लए कुछ ढ़वाद उपाय दान कए। आपसी आ थक वकास के लए 1959 क ' व व क साझी
वरासत' क अंटाक टक सं ध भी है । इस वषय म योटो ोटोकॉल को एक मख ु वकास के प म दे खा जाता है ,
योटो ोटोकॉल ने पयावरण क र ा के लए और उ योग को भी वक सत करने के लए औ यो गक दे श से
ीनहाउस उ सजन म कटौती क । संसाधन भरू ाजनी त, रा के सतत वकास के लए वैि वक े के रा
रा य के बीच ाकृ तक संसाधन का आवंटन और वतरण करती है । इस लए व भ न तर के ह िजनसे हम इस
ल य को ा त कर सकते ह।
Page : 134 , Block Name : नावल
Page 4 of 4