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NCERT Solutions for Class 12 History (इतिहास) शासक और इतिवृत्त [Old Book]

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NCERT Solutions for Class 12 History (इतिहास) शासक और इतिवृत्त [Old Book] - Page 1 of 7

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Frequently Asked Questions

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NCERT
SOLUTIONS
CLASS - 12th

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Book : Bhartiya Itihaas ke kuch vishay - II Ncert Solutions | Chapter - 9 Social Science History

Class : 12th
Subject : History
Chapter : 9
Chapter Name : शासक और इ तव ृ : मग
ु ल दरबार ( लगभग सोलहवीं और स हवीं शताि दयाँ

Q1 मग
ु ल दरबार म पांडु ल प तैयार करने क या का वणन क िजए।

Answer. पांडु ल पयाँ ह त ल खत कताब होती थीं। इ ह एक मह वपण
ू काय के प म दे खा जाता था। इ ह
तैयार करने म अनेक लोग का योगदान रहता था। कागज बनाने वाले पांडु ल पय के लए प ृ ठ तैयार करते थे,
फर सल
ु ेखक साफ अ र म लखते थे। च कार यथावत थान पर च बनाकर प ृ ठो का स दय बढ़ाते थे तो
को तगर प ृ ठ को चमकाने का काम करते थे तथा अंत म िज दसाज सभी तैयार प ृ ठ को एक त कर एक
अलंकृत आवरण म जमा दे ते थे।
सल
ु ेखक न त लक ल प म लखा करते थे, िजसे अकबर बहुत पसंद करते थे। लेखक और च कार का दरबार
म स मान भी कया जाता था परं तु अ य लोग यथा को तगर व िज दसाज को यादा स मान नह ं दया जाता
था।

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Q2 मग
ु ल दरबार से जड़
ु े दै नक-काय और वशेष उ सव के दन ने कस तरह से बादशाह क स ा के भाव को
तपा दत कया होगा?

ु ल बादशाह क तल
ु ना ई वर से क जाती थी। राजा का दजा सबसे ऊपर होता था बादशाह के इस स ा
के भाव को न य कम तथा उ सव क समय दे खा जा सकता था।
शासक का ज म दन और नौरोज मु य उ सव होते थे। ज म दन के समय बादशाह को अनेक व तओ
ु ं से तोला
जाता था और फर बाद म उन व तओ
ु ं को जा म बांट दया जाता था। दरबार म बादशाह के सबसे पास बैठने
वाले यि त को मह वपण
ू यि त समझा जाता था।
शाहजहां क समय स कार के नए तर के यथा जमीबोसी को अपनाया गया। सभी लोग जो राजा से मलने आते थे,
उ ह उ कृ ट ेणी के उपहार से बादशाह का अ भवादन करना होता था। अकबर ने झरोखा दशन क था शु क
थी। इसम बादशाह रोज सब
ु ह सब
ु ह ाथना के बाद पव
ू दशा म छोटे से झरोखे से जा का द दार करते थे।
इस कार उपरो त ग त व धय ने बादशाह क स ा के भाव को तपा दत कया है ।

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Book : Bhartiya Itihaas ke kuch vishay - II Ncert Solutions | Chapter - 9 Social Science History

Q3 मग
ु ल सा ा य म शाह प रवार क ि य वारा नभाई गई भू मका का मू यांकन क िजए।

ु ल काल म ि य का योगदान उ लेखनीय है । वे शाह प रवार म बेगम, अगहा और अगाचा के प
म रहती थीं। इनम प त के सबसे कर ब बेगम होती थी। वैवा हक जीवन के अ त र त अ य म हलाओं यथा-
नरू जहां और गल
ु बदन बेगम का योगदान राजनी तक और सा हि यक ि ट से मह वपण
ू रहा।
शास नक काय म जहांगीर क बेगम नरू जहां का काफ दखल रहता था, तथा जहांगीर भी उनसे वचार- वमश
करके नणय लेते थे। शाहजहां क पु यां जहाँनारा और रौशनआरा भी अ य मनसबदार के समान कमाती थीं।
द ल ि थत चांदनी चौक क परे खा भी जहाँनारा ने ह बनवाई थी।
गल
ु बदन बेगम वारा ल खत हुमायन
ंू ामा मग
ु ल काल का मह वपण
ू ंथ है । उनके काय म मग
ु ल का घरे लू जीवन
तथा ि य वारा संघष सल
ु झाने म योगदान बताया गया है ।

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Q4 वे कौन से मु दे थे िज ह ने भारतीय उपमहा वीप से बाहर े के त मग
ु ल नी तय व वचार को आकार
दान कया?

ु ल सा ा य के बाहर और भीतर अनेक ऐसी प रि थ तय थीं िज ह ने मग
ु ल क नी तय को आकार
दया। इनम सबसे मह वपण
ू न कंधार का है । कंधार मग
ु ल और सफा वय के बीच झगड़े का कारण था। मग
ु ल
हमेशा चाहते थे क कंधार और काबल
ु पर नयं ण उ ह संभा वत खतर से सरु त रख सकता है ।
म का और मद ना जैसे प व थल पर अनेक तीथया ी जाते थे। इस लए मग
ु ल के लए यह आव यक था क वे
ऑटोमन सा ा य के साथ मधरु संबध
ं बनाए रख, ता क तीथया य व साथ ह यापा रय का आवागमन सच
ु ा
प से चलता रहे ।
अकबर वारा जेसइ
ु ट चारक को बल
ु ाया जाना भी मग
ु ल सा ा य क धम नरपे ता को बताता है । जेसइ
ु ट
चारक क कारण ह यरू ोप भारत के बारे म जान पाया था। जेसइ
ु ट वारा दया गया ववरण फारसी इ तहास म
मग
ु ल क जीवन के बारे म बताए गए त य क पिु ट भी करता है ।

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Q5 मग
ु ल ांतीय शासन के मु य अ भल ण क चचा क िजए । क कस तरह से ांत पर नयं ण रखता था
?

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Book : Bhartiya Itihaas ke kuch vishay - II Ncert Solutions | Chapter - 9 Social Science History

Answer. अ यंत वशाल मग
ु ल सा ा य शास नक सु वधा के लए अनेक तर पर वभािजत था। सव थम
ांत आते थे, िज ह सब
ू ा कहा जाता था। येक सब
ू ा एक सब
ू ेदार के अधीन होता था। सब
ू ेदार सीधे बादशाह के त
जवाबदे ह होते थे।
येक सब
ू ा कई सरकार म वभ त होता था। हर तर पर अनेक अ धकार यथा- कानन
ू गो, चौधर , काज़ी,
संदेशवाहक, लेखाकार इ या द काम करते थे। बादशाह सव प र होता था।
हालां क फारसी मग
ु ल सा ा य क शास नक भाषा थी, परं तु नचले तर के शासन म थानीय भाषाओं का
योग भी कया जाता था।

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Q6 उदाहरण स हत मग
ु ल इ तहास के व श ट अ भल ण क चचा क िजए।

ु ल इ तहास का भारतीय इ तहास म अ यंत व श ट थान है । इस थान के पीछे अनेक
अ भल ण का योगदान रहा है , िजनम से मु य अ भल ण इस कार ह-
सा ह य- सभी मग
ु ल बादशाह ने अपनी क त गाथाओं को इ तव ृ के मा यम से एक त करने का यास कया।
अकबर ने अबल
ु फजल से अकबरनामा का लेखन करवाया। आईने अकबर जो फारसी भाषा म लखी गई थी, वह
अकबर काल न सा ा य क सं कृ त का बयान करती है । बाबरनामा का तक
ु से फारसी म अनव
ु ाद करवाया गया
था तो शाहजहां का बादशाहनामा और औरं गजेब का आलमगीरनामा भी मग
ु ल इ तहास क अ मट छाप छोड़ गए
ह।
कला- मग
ु ल शासक व शषतः अकबर, जहांगीर और शाहजहां ने रं गीन च कार और च कार को पनपने म
मह वपण
ू योगदान दया। शासक के दै वीय प को च म भामंडल के साथ दखाया गया है । अबल
ु फजल तो
च कार को एक जादई
ु कला मानते थे िजसम नज व को भी जीवंत करने क खब
ू ी होती है । अनेक ईरानी च कार
यथा मीर सै यद अल भी भारत आए थे।
राज व का स धांत- बादशाह को ई वर (फर-ए-इज़ाद ) के तु य या उनका दत
ू माना जाता था। अबल
ु फजल ने
तो मग
ु ल राज व को सबसे ऊंचा दजा दया था। इस स धांत के अनस
ु ार दै वीय काश के चलते राजा जा के लए
आ याि मक मागदशन करता था।
धम नरपे समाज बनाने का यास- अकबर के द न-ए-इलाह और सल
ु ह-ए-कुल ने सभी धम के त आदर भाव
बनाए रखने क बात कह । अबल
ु फजल के अनस
ु ार सल
ु ह-ए-कुल क नी त बु ध शासन के लए अ याव यक है ।
परं तु सल
ु ह-ए-कुल क शत भी थी क कोई भी धम रा य स ा को त नह ं पहुंचाएगा और आपस म कोई भी धम
के नाम पर नह ं लड़ेगा।
इस कार मग
ु ल इ तहास म अनेक अ भल ण थे िजसने बाहर सा ा य , जेसइ
ु ट का यान भी आक षत कया।
इसके चलते मग
ु ल सा ा य को यरू ोप तक म पहचाना जाने लगा।

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Q7 इस अ याय म द गई य साम ी कस हद तक अबल
ु फ ल वारा कए गए ‘तसवीर’ के वणन ( ोत 1) से
मेल खाती है ।

Answer. अबल
ु फजल के अनस
ु ार कसी व तु का हुबहू रे खांकन करना त वीर कहलाता है । च कार को अबल
ु
फजल ने एक ऐसी कला समझा था जो नज व को भी सजीव कर दे ती है । ऐसा हम इस अ याय म दखाए गए
अनेक च को दे खकर समझ सकते ह। हंद ू च कार अ यंत उ कृ ट रं गीन च बनाते थे। इसक पिु ट गोवधन
वारा लगभग 1630 म बनाए गए ‘तैमरू वारा बाबर को मक
ु ु ट भट’ च से होती है । इस च म बाबर के पीछे
कोई भामंडल नह ं दखाई दे ता है य क भामंडल बनाने क परं परा 17 वीं सद म ारं भ हुई। प रणाम व प
हम बाद क त वीर म भामंडल दे ख सकते ह यथा - अबल
ु हसन वारा च त अकबर और जहांगीर; पयाग
वारा न मत च िजनम जहांगीर शाहजहां को म ण दे रहे ह।
पयाग वारा बनाए गए च िजसम शाहजहां दरबार म औरं गजेब का स मान करते हुए दखाए गए ह, अ यंत
जीवंत लगता है । च म इ तेमाल कए गए रं ग, बार क सजावट त वीर क शोभा बढ़ाती है । लाल, हरा, नीला,
पीला और काला रं ग मु य प से दखते ह।
अकबरनामा म रामदास वारा बनाया गया सल म के ज म का य िजसम शहनाई, नगाड़ा वादक, जा व मोर
सभी मनमोहक लगते ह।
जहांगीर लघु च का अ यंत शौक न था। मग
ु ल ने पांडु ल प को भी अनेक च से सजाया था। अ याय म दया
गया च ड़य का य काफ सजीव लगता है । इस कार अ याय म दए गए सभी च अबल
ु फजल वारा दए
गए त वीर के वणन से पण
ू तः मेल खाते ह।

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Q8 मग
ु ल अ भजात वग के व श ट अ भल ण या थे? बादशाह के साथ उनके संबध
ं कस तरह बने।

Answer. वशाल मग
ु ल सा ा य को सच
ु ा प से चलाने के लए अनेक अ धकार होते थे। अ धका रय के इस
दल को इ तहासकार अ भजात वग क सं ा दे ते ह। इस वग के मु य अ भल ण इस कार ह-
- म त धा मक त न ध व- लगभग सभी धम के समह
ू के अ धकार नयु त होते थे। ईरानी, तरू ानी,
राजपत
ू , राणा, मराठा, भारतीय मिु लम (शेखज़ादा) इ या द सभी अ भजात वग का ह सा थे। यह यान
रखा जाता था क कोई भी दल रा य स ा को चन
ु ौती दे ने िजतना ताकतवर न बन पाए।
- मनसबदार - दो ओहदे जात और सवार मह वपण
ू होते थे। 1000 से यादा जात रखने वाले मनसबदार
अ भजात (उमरा) कहलाते थे।

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- तैनात-ए-रक़ाब ऐसा अ भजात समह
ू होता था िजसे कसी भी ांत या सै य अ भयान म नयु त कया
जा सकता था।
- सच
ू ना सार के लए अनेक अ धकार यथा व कया नवीस, कसीद व पथमार काम करते थे।
- सा ा य अनेक सब
ू और परगन म वभािजत था।यहाँ शास नक काय म अ धकार गण थानीय भाषा
का भी योग करते थे। कभी-कभी यहां जमींदार का सा ा य के त न धय से मनमट
ु ाव भी हो जाता
था।
समच
ू ा अ भजात वग बादशाह के त जवाबदे ह होता था। शासक को सव प र माना जाता था। सब
ू ेदार को सीधे
बादशाह को तवेदन पेश करना होता था। कुछ अ धकार बादशाह के कर ब और वफादार होते थे। बादशाह
अ भजात वग के कुछ अ धका रय से वैवा हक संबध
ं भी कायम करते थे। उदाहरण व प अकबर ने भारमल क
पु ी से ववाह कया था। ऐसा करने से स ा सरु त रहती थी और सा ा य का व तार भी हो पाता था।
इस कार अ भजात वग मग
ु ल शासन का एक ऐसा गल
ु द ता था जो वफादार से बादशाह के साथ जड़
ु ा हुआ था।

Page : 253 , Block Name : न न ल खत पर एक लघु नबंध ल खए (लगभग 250-300 श द म)

Q9 राज व के मग
ु ल आदश का नमाण करने वाले त व क पहचान क िजए।

ु ल सा ा य म राज व पण
ू प से नया नह ं था। जैसा क अबल
ु फजल बताते ह क ईरानी सफ
ू
शहाबु द न सह
ु रावद (1191 ई.) ने सव थम राज व के वचार को तत
ु कया था।
इस वचार के अनस
ु ार बादशाह को सीधा ई वर अथात फर-ए-इज़ाद वारा द शि तय का मसीहा माना जाता
है । राजा अपनी जा के आ याि मक मागदशन के ोत होते ह। च कार वारा द शत भामंडल राजा के इसी
प का समथन करते ह।
एक अ य त व सल
ु ह-ए-कुल क नी त थी, िजसम एक ऐसा आदश रा य बनाने क क पना क गयी थी जहां सभी
धम यथा- हंद,ू मिु लम, जैन सौहाद पण
ू रह और आपस म लड़ाई न कर। अबल
ु फजल तो इस नी त को बु ध
शासन के लए मल
ू भत
ू आव यकता मानते थे। इसी के चलते अकबर ने जिजया कर और तीथ या ा कर भी
समा त कर दया था। बादशाह को परोपकार क मू त के प म दे खा जाने लगा।
अबल
ु फजल भस
ु ा को एक सामािजक अनब
ु ध
ं के प म बताते ह। बादशाह अपनी जा के जीवन, धन, स मान
व व वास क र ा के लए िज मेदार होता है । इसके बदले म जा को राजा क आ ाओं का पालन करना होता
है । केवल याय पण
ू सं भु ह दै वीय मागदशन व शि त स ा को समझ पाते थे।
इस कार उपरो त सभी त व ने मग
ु ल सा ा य को एक आदश रा य बनाने का यास कया। हालां क मग
ु ल
सा ा य के पतन के समय यह आदश भाव कम होने लग गया था।

Page : 253 , Block Name : न न ल खत पर एक लघु नबंध ल खए (लगभग 250-300 श द म)

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Book : Bhartiya Itihaas ke kuch vishay - II Ncert Solutions | Chapter - 9 Social Science History

Q10 व व मान च के एक रे खा च पर उन े को अं कत क िजए िजनसे मग
ु ल क राजनी तक व सां कृ तक
संबध
ं थे?

Answer. छा वयं कर।

Page : 254 , Block Name : मान च काय

Q11 कसी मग
ु ल इ तव ृ के वषय म और जानकार ढूं ढए। इसके लेखक, भाषा शैल और वषयव तु का वणन
करते हुए एक व ृ ांत तैयार क िजए। आपके वारा चय नत इ तहास क या या म यु त कम से कम दो च
का, बादशाह क शि त को इं गत करने वाले संकेत पर यान क त करते हुए, वणन क िजए?

Answer. छा वयं कर।

Page : 254 , Block Name : प रयोजना (कोई एक)

Q12 रा यपद के आदश , दरबार रवाज और शाह सेवा म भत क व धय पर यान क त करते हुए व
समानताओं और व भ नताओं पर काश डालते हुए मग़
ु ल दरबार और शासन क वतमान भारतीय शासन
यव था से तल
ु ना कर एक व ृ ांत तैयार क िजए।

Answer. छा वयं कर।

Page : 254 , Block Name : प रयोजना (कोई एक)

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Document Details

Board / OrgNCERT
ExamClass 12
TypeSolution
Pages7
Languagehindi
Updated11 Aug 2026