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Half Yearly Exam 2022-23
कक्षा-9 (ह िंदी)
समय- 3 घण्टे 15 हमनट पूर्ाांक- 70
हनदे श- प्रारिंभ के 15 हमनट परीक्षार्थिय िं के प्रश्नपत्र पढ़ने के र्िए हनर्ािररत ैं।
● सामान्य हनदे श
i. प्रश्नपत्र द खिं ड िं में हिभार्ित ै, खिं ड क एििं खिं ड ख।
ii. खिं ड- क में 20 अिंक के 20 प्रश्न बहुहिकल्पीय ैं र्िनके उत्तर ओएमआर शीट
पर देना ै।
iii. खिं ड- ख में 50 अिंक के िर्िनात्मक प्रश्न हदए गए ैं, प्रत्येक प्रश्न के सम्मुख
हनर्ािररत अिंक अिंहकत ैं।
iv. हििरर्ात्मक प्रश्न िं के उत्तर उत्तर-पुस्तिका पर र्िखने ैं।
खण्ड- क
बहुहिकल्पीय प्रश्न(OMR Sheet Based)
1. शुक्ल युग के हनबिं र्कार ैं -
a) बािकृ ष्ण भट्ट
b) बद्रीनारायर् चौर्री प्रेमघन
c) म ािीर प्रसाद हििेदी
d) आचायि रामचिं द्र शुक्ल
2. कफ़न हकस हिर्ा की रचना ै ?
a) क ानी
b) उपन्यास
c) नाटक
d) हनबिं र्
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3. दीपदान एकािंकी के िेखक कौन ैं ?
a) रामकु मार िमाि
b) उपेंद्र नाथ अश्क
c) हिष्णु प्रभाकर
d) सेठ ग हििंद दास
4. बात नामक ननबन्ध िेखक कौन हैं-
a) रार्ा कृ ष्ण दास
b) बािमुकुिंद गुप्त
c) रािा र्शिप्रसाद र्सतारे ह िंद
d) प्रताप नारायर् हमश्र
5. आनदकाल का एक अन्य नाम क्या ै?
a) मध्यकाि
b) पूिि मध्यकाि
c) श्रृिंगार काि
d) िीरगाथा काि
6. अनघ हकसकी रचना ै?
a) दिपहत हििय की
b) चिं दबरदाई की
c) हिद्यापहत की
d) मैर्थिीशरर् गुप्त की
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7. मगहर में नकसकी मृत्यु हुई थी -
a) कबीरदास की
b) र्मिदास की
c) सुिं दरदास की
d) मिूक दास की
8. हे खग मृग हे मधुकर श्रेणी| तुम दे खी सीता मृगनैनी||
पिं हिय िं में कौन सा रस ै?
a) श्रृिंगार रस
b) िीर रस
c) भहि रस
d) िीभत्स रस
9. मं गल भवन अमं गल हारी।द्रवहु सु दसरथ अजिर नबहारी|| में कौन सा छिंद ै -
a) द ा
b) चौपाई
c) स रठा
d) कुिं डर्िया
10. कनक-कनक ते सौ गुनी मादकता अर्र्काय, में कौन सा अििं कार ै?
a) रूपक
b) उपमा
c) उत्प्रेक्षा
d) यमक
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11. शुद्ध ितिनी का चयन कीर्िए-
a) आशीवााद
b) आशीवाद
c) आशीवाद
d) अशीवााद
12. हनम्न में से कौन-सा र्चन्ह अधानवराम ब र्क ता ै ?
a) ,
b) ;
c) ∆
d) ^
13. हनम्न में से गेहिं का तत्सम शब्द क्या ै?
a) ग र्ुिी
b) गेहिं
c) ग र्ूम
d) ग र्ू
14. आकर्िर् का हिि म क्या गा?
a) हिकर्िर्
b) आकर्िर्
c) पराकर्िर्
d) प्रहतकर्िर्
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15. पावक हकसका पयाियिाची शब्द ै?
a) चक्रिात
b) पािस
c) पिन
d) अहि
16. यथासमय शब्द में कौन सा समास ै?
a) कमिर्ारय
b) अव्ययीभाि
c) बहुव्रीह
d) तत्पुरुर्
17. रामौ में हिभहि एििं िचन बताइए।
a) प्रथमा हििचन
b) हितीय हििचन
c) तृतीय हििचन
d) सप्तमी बहुिचन
18. म ेश: का स ी सिं र्र् हिच्छे द गा -
a) म ा+ईश:
b) म े+ईश
c) म ा+एश
d) म +ईश
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19. गम् र्ातु िट् िकार उत्तम पुरुर् एकिचन का रूप बताइए -
a) गच्छहत
b) गछाि
c) गच्छाहम
d) गच्छाि:
20. म न: पादेन खिं ि: अस्ति। रेखािंहकत पड़ में कौन सी हिभहि ै)?
a) हितीया हिभहि
b) तृतीय हिभहि
c) चतुथी हिभहि
d) पिं चमी हिभहि
खण्ड- ख
21. हनम्नर्िर्खत गद्यािंश पर आर्ाररत प्रश्न िं के उत्तर दीर्िए-
ख) किूरबा ने अपनी कृ तहनष्ठा के िारा य र्सखा हदया हक शुद्ध और र चक साह त्य
के प ाड़ िं की अपेक्षा कृ हत का एक कर् अर्र्क मूल्यिान और आबदार ता ै। शब्द
शास्त्र में ि ि ग हनपुर् ते ैं उनक कतिव्य अकतिव्य की मेशा ी हिर्चहकत्सा
करनी पड़ती ै प्रहतहष्ठत ि ग िं क ऐसी दुहिर्ा परेशान न ीिं कर पाती। किूरबा के
सामने उनका कतिव्य हकसी हदए के समान स्पष्ट था। कभी क ई चचाि शुरू िाती
तब मुझसे 'य ी गा' और 'य न ीिं गा' इन द िाक्य िं में ी ि अपना फैसिा
सुना दे ती।
i. उपयुिि गद्यािंश के पाठ और िेखक का नाम र्िर्खए।
ii. शब्द शास्त्र में हनपुर् व्यहिय िं क कै सी दुहिर्ा का सामना करना पड़ता ै?
iii. कृ तहनष्ठ ि ग िं क कौन सी समस्या परेशान न ीिं करती?
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ख) स निु ी में आि एक पीिी किी िगी ै। उसे दे खकर अनायास ी उस छ टे
िीि का स्मरर् आया ि इस िता की सघन रीहतमा में र्छपकर बैठता था और
हफर मेरे हनकट पहुुँचते ी कन्धे पर कू दकर मुझे चौका देता था तब मुझे किी की
ख ि र ती थी, पर आि उस िघुप्रार्ी की ख ि ै।
i. उपयुिि गद्यािंश के पाठ और िेर्खका का नाम र्िर्खए।
ii. कौन किं र्े पर कू दकर चौिंका देता था?
iii. प्रिुत गद्यािंश में िेर्खका हकसकी बात कर र ी ै? इस गद्यािंश में िे हकसे
ख ि र ी ै?
22. हनम्नर्िर्खत पद्यािंश पर आर्ाररत प्रश्न िं के उत्तर दीर्िए-
ै हबखेर देती िसुिं र्रा, म ती सबके स ने पर,
रहि बट र िेता ै उनक , सदा सबेरा ने पर।
और हिरामदाहयनी अपनी सिं ध्या क दे िाता ै,
शून्य श्याम तनु र्िससे उसका नया रूप झिकाता ै।"
i. प्रिुत पिं हिय िं का सन्दभि र्िर्खए।
ii. प्रातः काि ने पर म हतय िं क कौन बट रकर रख िेता ै?
iii. प्रिुत पिं हिय िं में कौन-सा अििं कार ै?
अथिा
टू टे सुिन मनाइए, िौ टू टे सौ बार।
रह मन हफर-हफर प इए, टू टे भुिा ार।।
i. 'टू टे सुिन मनाइए, ि टू टे सौ बार' का आशय स्पष्ट कीर्िए।
ii. म हतय िं का ार टू ट िाने पर उन्हें बार-बार क्य िं हपर या िाता ै?
iii. प्रिुत द े में कौन-सा अििं कार ै?
23. क) हनम्नर्िर्खत सिं स्कृ त गद्यािंश में से हकसी एक का सिं दभि सह त ह िंदी में अनुिाद
अपने शब्द िं में कीर्िए -
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श्रीकृ ष्णस्य िन्म भद्रपदमासस्य कृ ष्णपक्षस्य अष्टम्ािं हतथौ मथुरायाम् अभित् ।
मध्यरात्रें यदाय उत्पन्नः िातः तदा आकाशे घटाट पाः मेघाः मुसिर्ाराः िर्ािः अकु ििन्
। तदा राहत्रः अन्धकारपूर्ाि आसीत्। परिं िसुदेिः पुत्रस्य रक्षाथां सद्य िातिं तम् आदाय
उत्ताितरङ्ािं यमुनाम् उत्तीयि ग कु िे नन्दगृ िं प्रापयत्। तत्र बाल्यादेि श्रीकृ ष्णः िनानािं
हृदयिल्लभः अभित् ।
अथिा
रामकृ ष्णः एकः हििक्षर्ः म ापुरुर्ः अभित्। तस्य हिर्ये म ात्मना गास्तन्धना उत्तम्-
"परम िंसस्य रामकृ ष्णस्य िीिनचररत र्मािचरर्स्य प्राय हगक हििरर् हिद्यते। तस्य
िीिनम् अस्मभ्यम् ईश्वरदशिनाय शहि प्रददाहत तस्य िचनाहन न के िििं कस्यर्चत्
नीरसाहन ज्ञानिचनाहन अहपतु तस्य िीिन ग्रन्थस्य पृष्ठाहन एि तस्य िीिनम् अह िंसाया
मूतमान पाठः हिद्यते।
ख) हनम्नर्िर्खत सिं स्कृ त पद्यािंश िं में से हकसी एक का सिं दभि सह त ह िंदी में अनुिाद
कीर्िए -
चक्षुर्ा मनसा िाचा कमिर्ा च चतुहििर्म् ।
प्रसादयहत या ि क तिं ि क न प्रसीदहत ।।
अथिा
यत यतः समी से, तत न ऽभयिं कु रु,
शन्न: नः प्रिाभ्य ऽभयिं नः पशुभ्यः ।
24. दीपदान एकािंकी अथिा िक्ष्मी का स्वागत एकािंकी के कथा सिं गठन पर अपने
हिचार प्रकट कीर्िए।
अथिा
िक्ष्मी का स्वागत एकािंकी के प्रमुख पात्र का चररत्र र्चत्रर् कीर्िए।
25. क) हनम्नर्िर्खत में से हकसी एक िेखक का िीिन पररचय देते हुए उनकी
हकन्ही द रचनाओिं के नाम र्िर्खए-
i. प्रेमचिं द
ii. म ादेिी िमाि
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iii. िारी प्रसाद हििेदी
ख) हनम्नर्िर्खत कहिय िं में से हकसी एक का िीिन पररचय देते हुए उनकी हकन्ही द
रचनाओिं का उल्लेख कीर्िए -
i. कबीर दास
ii. मीराबाई
iii. ियशिं कर प्रसाद
26. अपनी पाठ्य पुिक से किं ठस्थ हकया हुआ क ई एक श्ल क र्िर्खए, ि इस
प्रश्न पत्र में न आया ।
27. हनम्नर्िर्खत प्रश्न िं में से हकन्ही द के उत्तर सिं स्कृ त में दीर्िए-
i. श्रीकृ ष्णस्य हपतु: क: आसीत?
ii. क: एक: हििक्षर् पुरुर्: आसीत?
iii. राम: कस्तस्मन ििं शे उत्पन्न: आसीत?
iv. असत मा —-------- गमय?
28. हनम्नर्िर्खत मु ािरे एििं ि क हियािं में से हकसी एक का अथि बताते हुए िाक्य
में प्रय ग कीर्िए -
i. ईद का चािंद ना
ii. आिं ख िं का तारा ना
iii. ऊिंट के मुिं में िीरा
iv. मान न मान मैं तेरा मे मान
29. हनम्न में से हकन्ही द िाक्य िं का सिं स्कृ त में अनुिाद कीर्िए-
i. ि िाता ै।
ii. राम घर में न ीिं ै।
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iii. सूयि उहदत ता ै।
iv. बार्िका पढ़ती ै।
v. िे द न िं िाते ैं।
30. शुल्क मुहि ेतु अपने प्रर्ानाचायि क एक पत्र र्िर्खए
अथिा
अपने प्रर्ानाचायि क सिं ब र्र्त करते हुए एक प्राथिना पत्र र्िर्खए, र्िसमें 2 हदन का
आकस्तस्मक अिकाश मािंगा गया ।