aglasem.com
Home Schools Admission Career Mock Test PDF Docs Playground
ClassChoose class
StateSelect state

NCERT Solutions for Class 8 Hindi (वसंत) टोपी [Old Book]

Get here NCERT Solutions for Class 8 Hindi (वसंत) टोपी [Old Book]. More Detail
NCERT Solutions for Class 8 Hindi (वसंत) टोपी [Old Book] - Page 1 of 5

About NCERT Solutions for Class 8 Hindi (वसंत) टोपी [Old Book]

NCERT Solutions for Class 8 Hindi (वसंत) टोपी [Old Book] is available here for free download. Published by NCERT for Class 8, this solution can be viewed online or downloaded as a PDF (5 pages). Candidates preparing for Class 8 can use NCERT Solutions for Class 8 Hindi (वसंत) टोपी [Old Book] to understand the exam pattern, the type of questions asked, and the overall difficulty level.

Frequently Asked Questions

How can I download NCERT Solutions for Class 8 Hindi (वसंत) टोपी [Old Book]?

Open this page and click the Download button to save NCERT Solutions for Class 8 Hindi (वसंत) टोपी [Old Book] as a PDF. It is completely free on AglaSem Docs.

Is NCERT Solutions for Class 8 Hindi (वसंत) टोपी [Old Book] free to download?

Yes. NCERT Solutions for Class 8 Hindi (वसंत) टोपी [Old Book] can be viewed online and downloaded as a PDF free of cost on AglaSem Docs.

How many pages does NCERT Solutions for Class 8 Hindi (वसंत) टोपी [Old Book] have?

NCERT Solutions for Class 8 Hindi (वसंत) टोपी [Old Book] contains 5 pages, which you can read online or download together as a single PDF.

Where can I find more Class 8 study material?

You can find more Class 8 question papers, sample papers, syllabus, and answer keys on AglaSem Docs.

NCERT Solutions for Class 8 Hindi (वसंत) टोपी [Old Book] – Text

Read the full text of this solution below — useful to quickly search, copy and reference the content online without downloading the PDF.

📄 View text version (5 pages)

Page 1

NCERT
SOLUTIONS
CLASS - 8TH

aglase .co

Page 2

Book : Vasant Ncert Solutions | Chapter - 18 Hindi

Class : 8th

Subject : वसंत

Chapter : 18

Chapter Name : टोपी

Q1 गवरइया और गवरा के बीच ककस बात पर बहस हुई और गवरइया को अपनी इच्छा पूरी करने का अवसर कैसे
किला?

Answer. गवरइया और गवरा के बीच आदिी के वस्त्र पहनने को लेकर बहस हुई। जब गवरे ने टोपी का कजक्र ककया
तो गवरइया ने भी अपनी टोपी पहनने की इच्छा को व्यक्त ककया। गवरइया को अपनी इच्छा पूरी करने का अवसर
जल्दी ही किल गया| एक कदन दाना चुगते-चुगते उसे रुई का एक फाहा किल गया।

Page : 127, Block Name : कहानी से

Q2 गवरइया और गवरे की बहस के तकों को एकत्र करें और उन्हें संवाद के रूप िें कलखें।

Answer.

गवरइया :- "आदिी को दे खते हो? कैसे रं ग − कबरं गे कपड़े पहनते हैं । ककतना फबता है उन पर कपड़ा।"

गवरा :- "खाक फबता है। कपड़ा पहन लेने के बाद तो आदिी और बदसूरत लगने लगता है ।"

गवरइया :- "कपड़े केवल अच्छा लगने के कलए नहीं िौसि की िार से बचने के कलए भी पहनता है आदिी।"

गवरा :- "तू सिझती नहीं। कपड़े पहन − पहन कर जाड़ा−गरिी−बरसात सहने की उनकी ताकत भी जाती रही है
और कपड़ा पहनते ही पहनने वाले की औकात का पता चल जाता है ।"

गवरइया :- "कफर भी आदिी कपड़ा पहनने से बाज़ नहीं आता। कनत नए - नए कलबास कसलवाता रहता है ।"

गवरा :- "यह कनरा पोंगापन है । अपन तो नंगे ही भले।"

गवरइया :- "उनके कसर पर टोपी ककतनी अच्छी लगती है । िेरा भी िन टोपी पहनने का करता है ।"

गवरा :- "टोपी तू पाएगी कहााँ से। टोपी तो आदकियों का राजा पहनता है । िेरी िान तो तू इस चक्कर िें पड़ ही ित"।

Page : 127, Block Name : कहानी से

Q3 टोपी बनवाने के कलए गवरइया ककस - ककस के पास गयी? टोपी बनने तक के एक - एक कायय को कलखें |

Answer. टोपी बनवाने के कलए गवरइया सबसे पहले रुई का फाहा लेकर एक धुकनया के पास गयी| धुकनया ने रुई का
फाहा धुन कदया| उसके बाद कोरी के पास जाकर उसका सूत कटवाया| कटे हुए सूत को लेकर वह एक बुनकर के
पास पहुं ची| बुनकर ने उसे कपड़ा तैयार कर दे कदया| कपड़ा लेकर वह दजी के पास टोपी कसलवाने पहुं ची थी | दजी
ने टोपी कसलकर उस पर पााँ च फुाँदने जड़ कदए | इस तरह गवरइया की टोपी तैयार हो गयी |

Page 1 of 4

Page 3

Book : Vasant Ncert Solutions | Chapter - 18 Hindi

Page : 127, Block Name : कहानी से

Q4 गवरइया की टोपी पर दजी ने पााँ च फुाँदने क्ों जड़ कदए?

Answer. जब गवरइयां ने दजी से कहा की दो टोपी कसल लेना और एक आप रख लेना तो दजी खुश हो गया और
उसने गवरइया की टोपी पर पााँ च फुाँदने जड़ कदए |

Page : 127, Block Name : कहानी से

Q1 ककसी कारीगर से बातचीत कीकजए और पररश्रि का उकचत िूल्य नहीं किलने पर उसकी प्रकतकक्रया क्ा होगी?
ज्ञात कीकजए और कलखखए।

Answer. कारीगर अपनी िेहनत से वस्तुएाँ तैयार करके और उन्हें बेचकर अपना जीवन यापन करते हैं | यकद उन्हें
उनके पररश्रि का उकचत िूल्य न किले तो उन्हें बहुत दु ुःख होता हैं |

Page : 128, Block Name : कहानी से आगे

Q2 गवरइया की इच्छा पूकतय का क्रि घूरे पर रुई के किल जाने से प्रारं भ होता है । उसके बाद वह क्रिश: एक-एक कर
कई कारीगरों के पास जाती है और उसकी टोपी तैयार होती है । आप भी अपनी कोई इच्छा चुन लीकजए। उसकी पूकतय
के कलए योजना और कायय−कववरण तैयार कीकजए।

Answer - छात्र स्वयं करें |

Page : 128, Block Name : कहानी से आगे

Q3 गवरइया के स्वभाव से यह प्रिाकणत होता है कक कायय की सफलता के कलए उत्साह आवश्यक है । सफलता के
कलए उत्साह की आवश्यकता क्ों पड़ती है , तकय सकहत कलखखए।

Answer. उत्साह से ककया गया कायय हिेशा सफल होता हैं | गवरइया के िन िें टोपी कसलवाने के प्रकत उत्साह था तो
उसे कायय को पूरा करने की राह भी किल गयी |

Page : 128, Block Name : कहानी से आगे

Q1 टोपी पहनकर गवरइया राजा को कदखाने क्ों पहुाँ ची जबकक उसकी बहस गवरा से हुई और वह गवरा के िुाँह से
अपनी बढाई सुन चुकी थी। लेककन राजा से उसकी कोई बहस हुई ही नहीं थी। कफर भी वह राजा को चुनौती दे ने
पहुाँ ची। कारण का अनुिान लगाइए।

Answer. टोपी पहनकर गवरइया राजा को कदखाने पहुाँ ची क्ोंकक गवरइया की टोपी सुन्दर थी और वह राजा को
बताना चाहती थी कक यकद सबको उनकी िेहनत के अनुसार पैसे किले तो सब अपना काि उकचत ढं ग से करें गे|

Page : 128, Block Name : अनुिान और कल्पना

Q2 यकद राजा के राज्य के सभी कारीगर अपने-अपने श्रि का उकचत िूल्य प्राप्त कर रहे होते तब गवरइया के साथ
उन कारीगरों का व्यवहार कैसा होता ?

Page 2 of 4

Page 4

Book : Vasant Ncert Solutions | Chapter - 18 Hindi

Answer. यकद राजा के राज्य के सभी कारीगर अपने-अपने श्रि का उकचत िूल्य प्राप्त कर रहे होते तब गवरइया के
साथ उन कारीगरों का व्यवहार कवनम्र रहता | सबको ऐसा लग रहा था कक गवरइया भी िुफ्त िें काि करवाने आयी
हैं |

Page : 128, Block Name : अनुिान और कल्पना

Q3 चारों कारीगर राजा के कलए काि कर रहे थे। एक रजाई बना रहा था। दू सरा अचकन के कलए सूत कात रहा था।
तीसरा धागा बून रहा था। चौथा राजा की सातवीं रानी की दसवीं संतान के कलए झब्बे कसल रहा था। उन चारों ने राजा
का काि रोककर गवरइया का काि क्ों ककया?

Answer. चारों कारीगर राजा के कलए काि कर रहे थे।कफर भी उन चारों ने राजा का काि रोककर गवरइया का काि
ककया क्ोंकक उन्हें उनकी िेहनत का उकचत िूल्य किल रहा था |

Page : 128, Block Name : अनुिान और कल्पना

Q1 गााँ व की बोली िें कई शब्ों का उच्चारण अलग होता है । उनकी वतयनी भी बदल जाती है । जैसे गवरइया गौरै या
का ग्रािीण उच्चारण है । उच्चारण के अनुसार इस शब्ल की वतयनी कलखी गई है। फुाँदना, फुलगेंदा का बदला हुआ रूप
है । कहानी िें अनेक शब् हैं जो ग्रािीण उच्चारण िें कलखे गए हैं , जैसे − िुलुक-िुल्क, खिा-क्षिा, िजूरी-िजदू री,
िल्लार-िल्हार इत्याकद। आप क्षेत्रीय या गााँव की बोली िें उपयोग होनेवाले कुछ ऐसे शब्ों को खोकजए और उनका
िूल रूप कलखखए, जैसे − टे ि-टाइि, टे सन/कटसन − स्टे शन।

Answer.

िदय - िरद

भैया - भइया

दु बयल - दु बला

ग्राि – गााँव

Page : 129, Block Name : भाषा की बात

Q2 िुहावरों के प्रयोग से भाषा आकषयक बनती है । िुहावरे वाक् के अंग होकर प्रयुक्त होते हैं । इनका अक्षरश: अथय
नहीं बखल्क लाक्षकणक अथय कलया जाता है। पाठ िें अनेक िुहावरे आए हैं । टोपी को लेकर तीन िुहावरे हैं ; जैसे −
ककतनों को टोपी पहनानी पड़ती है । शेष िुहावरों को खोकजए और उनका अथय ज्ञात करने का प्रयास कीकजए।

Answer. टोपी उछलना - बेइज्ज्ती होना

इसकी टोपी उसके सर - कई लोगों को एक साथ बेवकूफ बनाना

Page : 129, Block Name : भाषा की बात

Page 3 of 4

Page 5

Book : Vasant Ncert Solutions | Chapter - 18 Hindi

Page 4 of 4

Document Details

Board / OrgNCERT
ExamClass 8
TypeSolution
Pages5
Languagehindi
Updated11 Aug 2026