Page 1
F R E E S T U D Y M AT E R I A L F O R E V E R Y S T U D E N T
क ा8
एनसीईआरट समाधान
अध्याय 8: द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक
और मश्रण
एनसीईआरट पाठ्यपुस्तक — ज ासा
पुस्तक पृष्ठ खंड प्रश्न माध्यम
116 – 133 19 57 हन्द
Solutions, notes, sample papers & more at 45 pages
Page 2
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
कक्षा 8 · व ान · ज ासा
एनसीईआरट समाधान — अध्याय 8: द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और
मश्रण
हमारे आस-पास क लगभग कोई भी वस्तु मात्र एक पदाथ से नह बनी है। यह अध्याय समस्त द्रव्य को मश्रण और शुद्ध पदाथ म बाँटता है और फर
शुद्ध पदाथ को तत्व तथा यौ गक म — इसके प्रमाण चूने का जल, जल म वद्युत प्रवाह, चीनी को गरम करना तथा लोहे-सल्फर का क्रयाकलाप ह।
पाठ्यपु स्तक पु स्तक पृ ष्ठ
ज ासा (कक्षा 8) 116 – 133
खं ड प्रश्न
19 57
माध्यम
हन्द
खोजबीन और वचार कर — पृष्ठ 116
Page 1 of 45
Page 3
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
अध्याय का आरंभ
खोजबीन और वचार कर
प्र.1
1
10
2
6 3
8
12
7
11 9
5 4
1 डू बते सूय का पकाश 5 फु टबॉल 9 सीिढ़ याँ, रैंप और धात ु की रेिलंग
2 पेड़ 6 िव ाथ (और उनकी वद ) 10 िव ालय भवन
3 झािड़ याँ और फू ल 7 सफ़े द छड़ ी 11 भूिम पर पड़ ती छायाएँ
4 घास 8 बस्ता, पानी की बोतल , पुस्तकें 12 खेल की ध्विन
अध्याय के आरंभ म दए गए चत्र (पृष्ठ 116) का पुनर खत रेखा चत्र — दन के अंत म वद्यालय का प्रांगण।
उपयुक्त चत्र को दे खकर बताइए क इसम द्रव्य से क्या बना है और क्या नह ?
वद्यालय के इस चत्र म जस भी वस्तु क ओर आप उँ गली रख सकते ह, वह लगभग सब द्रव्य है — अथात उसम द्रव्यमान है और
वह स्थान घेरती है। जो द्रव्य नह है वह है दृश्य म वद्यमान ऊजा के रूप तथा वद्या थय के मन के भाव।
जो द्रव्य से बने ह जो द्रव्य से नह बने ह
वृक्ष, झािड़याँ, घास और फू ल; िव ाथ स्वयं; उनकी गणवेश और जूते; गेंद ; पुस्तकें , खाने के भूिम पर पड़ ता सूय का पकाश; साँझ की धूप की
िडब्बे, जल की बोतल और बस्ता; सफे द छड़ी; सीिढ़ याँ, ढलान (रै ंप), लोहे की रे िलंग तथा ऊष्मा; परछाइयाँ; खेल ते बच्चों की ध् विन; तथा
पीली स्पश-टाइले ं; भवन, मेहराब और दरवाजे; और उनके चारों ओर की वायु िव ािथयों के िवचार और भावनाएँ
ऐसा क्य होता है: द्रव्य वह है जसम द्रव्यमान होता है और जो स्थान घेरता है, और द्रव्य से बनी प्रत्येक वस्तु तत्व
तथा यौ गक से न मत है। प्रकाश, ऊष्मा, वद्युत, ध्व न, वचार और भावनाएँ हमारे संसार के महत्वपूण भाग ह परंतु
न तो इन्ह तोला जा सकता है और न ही कसी बोतल म भरा जा सकता है — अत: ये द्रव्य नह ह।
संकेत: वायु को भूल जाना सरल है। वह दखाई नह दे ती, परंतु फूले हुए गुब्बारे म द्रव्यमान होता है और वह स्थान
भी घेरती है — वायु द्रव्य है, और यह गैस का एक समरूप मश्रण है।
Page 2 of 45
Page 4
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
प्र.2 तत्व को संयो जत कर एक यौ गक को कैसे बनाया जा सकता है?
तत्व यौ गक तभी बनाते ह जब वे एक न त अनुपात म रासाय नक रूप से संयो जत होते ह — मात्र म श्रत होने से नह । इस
संयोजन के लए प्राय: कुछ ऊजा, वशेषत: ऊष्मा, दे नी पड़ती है।
इस अध्याय का क्रयाकलाप 8.5 इस वचार के दोन पक्ष दखाता है:
केवल म श्रत करना: 5.6 ाम लौह चूण को 3.2 ाम सल्फर चूण के साथ मलाने पर प्र तदश ‘अ’ बनता है। इसम काला
लोहा और पीला सल्फर अब भी दखाई दे ते ह, चुंबक लोहे को ख च लेता है — कोई नया पदाथ नह बना।
रासाय नक संयोजन: उसी प्र तदश ‘अ’ को गरम क जए तो एक काला द्रव्यमान, प्र तदश ‘ब’, बनता है। यह आयरन
सल्फाइड है, पूरे पदाथ म रंग और बनावट एक समान, चुंबक ारा आक षत नह , और अब लोहे तथा सल्फर को पृथक नह
कया जा सकता।
आयरन + सल्फर (गरम करने पर) → आयरन सल्फाइड
तत्व यौिगक िमश्रण
एक ही पकार के परमाणु दो तत्व जुड़े, िनिश्चत अनुपात ृ क, अनुपात बदल सकता है
कण पथ
यौ गक म दोन प्रकार के कण न त अनुपात म परस्पर बँधे रहते ह; मश्रण म वे केवल साथ-साथ पड़े रहते ह।
ऐसा क्य होता है: यौ गक म भन्न तत्व के कण एक-दूसरे से इतनी प्रबलता से जुड़े होते ह क कोई भी भौ तक
व ध — चुंबक, छलनी, छानना या वाष्पीकरण — उन्ह पृथक नह कर सकती। इसी कारण नया पदाथ अपने घटक
तत्व जैसा बलकुल भी व्यवहार नह करता। जल हाइ ोजन (एक ईंधन) और ऑक्सीजन (जो दहन म सहायक है)
से 2 : 1 के न त अनुपात म बना है, फर भी जल आग बुझाता है।
प्र.3 वायु से काबन डाइऑक्साइड को अवशो षत करने वाले यौ गक क खोज पयावरणीय चुनौ तय के समाधान हेतु
कस प्रकार योगदान दे सकती है?
ऐसा यौ गक हम काबन डाइऑक्साइड को वायु से ही बाहर नकालने का साधन दे गा, न क केवल उसे कम छोड़ने का। काबन
डाइऑक्साइड वायुमंडल म ऊष्मा को रोकती है, अत: उसे सीधे हटाना वै क तापन के मूल कारण पर प्रहार है।
Page 3 of 45
Page 5
as e
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण
a g l AglaSem · NCERT Solutions
ऐसा एक पदाथ आप क्रयाकलाप 8.1 म दे ख चुके ह — कै ल्सयम हाइ ॉक्साइड (चूने का जल)। पे
co m
डश म खुला छोड़ने पर वह
दू धया हो जाता है क्य क वायु क काबन डाइऑक्साइड उससे अ भ क्रया कर लेती है।
e m.
m l as
m .co a g
l a se
कै िल्सयम हाइडॉक्साइड + काबन डाइऑक्साइड → कै िल्सयम काब ने ट + जल
a g
m
एक अच्छे अवशोषक यौ गक का उपयोग इस प्रकार कया जा सकता है—
. co ag
e m
कारखान , वद्युत संयंत्र और सीमट भ य क नकलती गैस को खुली वायु म पहुँचने से पहले स्वच्छ करना;
g l as
बंद स्थान — पनडु ब्बी, अंत रक्ष यान और खदान — क वायु को साँस लेने योग्य बनाए रखना;
a
काबन डाइऑक्साइड को ठोस काब नेट के रूप म बाँध दे ना जससे वह पुन: मुक्त न हो सके;
m
वै क तापन को धीमा करना और उसके साथ हमनद के पघलने तथा समुद्र-तल के बढ़ने को भी।
co
se m.
o m l a
क्या आप जानते ह? अध्याय म व णत ैफ न एरोजेल समस्या का दूसरा पक्ष दखाता है — यह अत्य धक छद्रदार
g म ह जो अच्छा अवशोषक
m .c इसक अवशोषण क्षमता बहुत उच्च होती है। वैज्ञा नक ऐसे पदाथ क खोज
a
aभीseहो और बड़ी मात्रा म सस्ता भी बने।
है, इस लए
agl
m a s
m .co agl
a se
अपने प्रश्न को साझा क जए।
l
प्र.4
a g
co m
और उन्ह खुला र खए — क्य , कैसे या य द ऐसा हो तो से आरंभ क जए, केवल हाँ/नह वाले नह e। m
.
यह बदु आपसे अपने प्रश्न अध्याय म जोड़ने को कहता है। ऐसे प्रश्न ल खए जनका उत्तर अध्याय का कोई पृष्ठ वास्तव म दे सके,
c o m g l as
m . a
e
नमूना प्रश्न:
s
agla वायु गैस का मश्रण है, तो भारी ऑक्सीजन नीचे और हल्क गैस ऊपर क्य नह बैठ जात ?
m
य द यौ गक का अनुपात न त होता है, तो लोहे और सल्फर को गलत अनुपात म मलाकर गरम करने पर क्या होगा?
a se
com g l
स्टे नलेस स्ट ल मश्रण है फर भी एक ही धातु जैसा दखता है — कोई मश्रण कतना समरूप हो सकता है?
m . a
e
asह। कोई तत्व ठोस, द्रव या गैस होगा — यह क्या नधा रत करता है?
घुला हुआ नमक वाष्पीकरण से जल से पुन: प्राप्त हो जाता है, फर हाइ ोजन उसी व ध से जल से क्य नह मलती?
कक्ष के तापमान पर केवल दो ही तत्वlद्रव
a g
संकेत: इन प्रश्न को अपनी अभ्यास-पु स्तका म र खए और जैसे-जैसे अध्याय उनका उत्तर दे , उन पर नशान लगाते
co m
m .
e
जाइए। अंत म जो प्रश्न बना नशान के बच, वही अपने शक्षक से पूछने योग्य ह।
m l as
m .co a g
l a se
ag
.c
पाठ्य प्रश्न — पृष्ठ 117
s e m
m a
e m . co agl
g l as
a
co m
m .
m ase
.co
a g l Page 4 of 45
Page 6
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
8.1 मश्रण क्या ह?
प्र.1 क्या आप अपने आस-पास वषमरूपी मश्रण के कुछ अन्य उदाहरण पहचान सकते ह?
हाँ — ऐसा प्रत्येक मश्रण जसके घटक आँख से अथवा आवधक यंत्र से अब भी पृथक दखाई द, वषमरूप है।
जल म मली रेत तथा वषा के बाद का गदला जल
राजमा-चावल अथवा मटर और गाजर वाला सब्जी-पुलाव
चाट म मलाए गए चना और मुरमुरे
बना छना शहद जसम मोम के कण ह
मृदा — इसम रेत के कण, प त्तय के टु कड़े और छोटे पत्थर दखाई दे ते ह
जल पर तैरता तेल
पकाने से पहले मली-जुली दाल क मु
ऐसा क्य होता है: इन मश्रण म घटक इतने बड़े कण या परत के रूप म रहते ह क आँख उन्ह अलग-अलग
पहचान लेती है, अत: मश्रण सवत्र एक जैसा नह होता। गदले जल क एक चम्मच ऊपर से और एक तल से ली जए
— दोन भन्न ह गी; यही वषमरूप मश्रण क कसौट है।
प्र.2 क्या आप कुछ समरूप मश्रण क सूची बना सकते ह?
हाँ — इनम घटक समान रूप से वत रत होते ह और सूक्ष्मदश से भी उनम भेद नह कया जा सकता।
जल म घुली चीनी तथा जल म घुला साधारण नमक
शकंजी (न बू-पानी) और सोडा जल
वायु
समुद्र जल
पीतल, काँसा और स्टे नलेस स्ट ल — अथात मश्रधातुएँ
सरका (जल म ऐसी टक अम्ल)
छाना हुआ चूने का जल
ऐसा क्य होता है: यहाँ घटक अपने अलग-अलग कण म टू टकर पूरे मश्रण म समान रूप से फैल जाते ह। गलास
के कसी भी भाग से ली गई चम्मच का स्वाद और व्यवहार कसी भी अन्य भाग जैसा ही होता है, अत: मश्रण
समरूप है।
स्वयं जाँ चए: समरूप दखने पर भी मश्रण मश्रण ही रहता है। चीनी के वलयन से जल वा ष्पत कर चीनी पुन:
प्राप्त क जा सकती है — कोई रासाय नक अ भ क्रया नह हुई, अत: चीनी अप रव तत है।
Page 5 of 45
Page 7
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
एक सोपान ऊपर — पृष्ठ 118
8.1 मश्रण क्या ह?
एक सोपान ऊपर
प्र.1 क्या आप जानते ह क स्टे नलेस स्ट ल भी एक मश्रण है?
हाँ। स्टे नलेस स्ट ल म लोहा, नकेल, क्रो मयम और अल्प मात्रा म काबन होता है। ये इतनी एकरूपता से म श्रत होते ह क पूरा
मश्रण सवत्र एक जैसा दखाई दे ता है और इनके पदाथ को अलग-अलग नह दे खा जा सकता।
धातुओं के ऐसे समरूप मश्रण को मश्रधातु कहते ह। अध्याय से दो और उदाहरण—
मश्रधातु कन- कन के मश्रण से कहाँ दखती है
स्टेनले स स्टील लोहा, नकेल, क्रो मयम और थोड़ा काबन थाली, चम्मच, पकाने के बतन
पीतल ताँबा (कॉपर) और जस्ता ( जक) लोटा, गागर , दरवाजों की मूठ
काँस ा ताँबा (कॉपर) और टन मूितयाँ, घंिटयाँ, पुर ाने पात्र
ऐसा क्य होता है: धातुओं को पघलाकर एक साथ मलाया जाता है, जससे उनके कण अलग-अलग कण के स्तर
तक मल जाते ह — इसी लए मश्रधातु एक समरूप मश्रण है, यौ गक नह । यहाँ कोई रासाय नक अ भ क्रया नह
हुई और अनुपात भी कसी नयम से बँधा नह है; पीतल म जस्ते क मात्रा बदली जा सकती है। यही कारण है क
मश्रधातु शुद्ध धातु से अ धक सुदृढ़ या अ धक जंगरोधी बनाई जा सकती है — स्टे नलेस स्ट ल शुद्ध लोहे से अ धक
सुदृढ़ और टकाऊ होती है।
क्या आप जानते ह? इसी पृष्ठ का ‘हमारी वैज्ञा नक परंपरा’ बॉक्स ऐसे मश्रण को मश्रलोह कहता है। चरकसं हता
और सुश्रुतसं हता म काँसा (काँस्य) — ताँबा (ताम्र, 4 भाग) और टन (वंग, 1 भाग) — का उपयोग पाचन सुधारने
और प्र तरक्षा वधन के लए व णत है।
पाठ्य प्रश्न — पृष्ठ 118
8.1.1 क्या वायु एक मश्रण है?
प्र.1 क्या वायु एक मश्रण है? यह कस प्रकार का मश्रण है?
हाँ, वायु एक मश्रण है — और वह भी समरूप मश्रण।
Page 6 of 45
Page 8
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
वायु मुख्यत: नाइ ोजन, ऑक्सीजन, आगन, काबन डाइऑक्साइड और जलवाष्प से बनी है। ये गैस केवल म श्रत ह: इनम से कोई
कसी दूसरी से अ भ क्रया नह करती और प्रत्येक मश्रण के भीतर अपने गुणधम बनाए रखती है।
नाइ ोजन वायु का लगभग 78 प्र तशत भाग है और दहन म सहायक नह है।
ऑक्सीजन अ धकांश जीव के जी वत रहने के लए आवश्यक है और दहन म भी सहायक है।
जलवाष्प भी उप स्थत रहती है — जब गरम वायु कसी ठं डी सतह को छू ती है तो यह द्रव जल म प रव तत होकर छोट -छोट
बूँद बना दे ती है।
यह समरूप क्य है: गैस कण-कण के स्तर तक मली हुई ह, अत: इस कक्ष म कह से भी लया गया वायु का नमूना
एक ही संघटन का होगा और एक जैसा ही व्यवहार करेगा। नाइ ोजन को ऑक्सीजन से पृथक करके सूक्ष्मदश से
भी नह दे खा जा सकता।
संकेत: वायु म तैरते धूल और धुएँ के कण उस मश्रण के भाग नह ह जसे हम वायु कहते ह — वे प्रदूषक ह, और
इसी कारण कसी सूक्ष्म छद्र से आती सूय- करण म चमकते कण दखाई दे ते ह।
क्रयाकलाप 8.1—आइए, प्रयोग कर — पृष्ठ 118
8.1.1 क्या वायु एक मश्रण है?
क्रयाकलाप
प्र.1 काँच के एक गलास को जल से आधा भ रए। इसम धीरे-धीरे थोड़ी मात्रा म कै ल्सयम ऑक्साइड ( क्वक लाइम)
डा लए। आप क्या अवलोकन कर रहे ह?
कै ल्सयम ऑक्साइड जल के साथ तीव्र अ भ क्रया करता है। बुलबुले और ससकारी क ध्व न दखाई-सुनाई दे ती है, ढे ला टू टकर
सफेद लेई जैसा हो जाता है और गलास स्पष्ट रूप से गरम लगने लगता है।
कै िल्सयम ऑक्साइड + जल → कै िल्सयम हाइडॉक्साइड + ऊष्मा मुक्त
ऐसा क्य होता है: यह एक रासाय नक प रवतन है — एक पूणतया नया पदाथ, कै ल्सयम हाइ ॉक्साइड, बनता है
और इस प्र क्रया म ऊष्मा मुक्त होती है। वही मुक्त ऊष्मा आपको काँच के माध्यम से अनुभव होती है।
सुरक्षा सव प र: पुस्तक कहती है क इस चरण को सावधानीपूवक कर। क्वक लाइम धीरे-धीरे और थोड़ी मात्रा म
डा लए, अपना मुख गलास से दूर र खए और मश्रण को नंगे हाथ से न छु इए।
Page 7 of 45
Page 9
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
प्र.2 कै ल्सयम हाइ ॉक्साइड का वलयन बनाने के लए इसे नरंतर वलो डत क जए। इस वलयन को चूने का जल
कहते ह। इसे छा नए और इसके रंग का अवलोकन क जए।
छानने के बाद चूने का जल एक स्वच्छ, रंगहीन द्रव होता है। बना छने द्रव क दू धया सफेद उन अघुले कै ल्सयम हाइ ॉक्साइड
कण के साथ चली जाती है जो छानने के कागज पर रह जाते ह।
ऐसा क्य होता है: कै ल्सयम हाइ ॉक्साइड जल म बहुत थोड़ा ही घुलता है; शेष सूक्ष्म ठोस कण के रूप म रह
जाता है जो प्रकाश को प्रक णत कर द्रव को सफेद दखाते ह। छानने पर वे कण हट जाते ह और केवल घुला हुआ
भाग बचता है — और कसी रंगहीन पदाथ का जल म वलयन स्वयं भी रंगहीन ही होता है।
संकेत: स्वच्छ, रंगहीन वलयन से आरंभ करना ही इस क्रयाकलाप का आधार है। इसके बाद जो भी दू धयापन
दखे, वह अवश्य ही कसी नई वस्तु से आया होगा, आरं भक वलयन से नह ।
प्र.3 इस रंगहीन वलयन को कुछ घंट के लए पे डश म छोड़ द जए ( चत्र 8.5, क)। नय मत अंतराल पर वलयन
को वलो डत करते र हए। आप क्या दे खते ह ( चत्र 8.5, ख)? क्या यह दू धया हो जाता है?
चूने का जल चूने का दूिधया जल
पेटी िडश पेटी िडश
(क) (ख)
चत्र 8.5, पृष्ठ 119 — पुनर खत रेखा चत्र। पे डश म चूने का जल — (क) आरंभ म रंगहीन एवं स्वच्छ; (ख) कुछ
घंट बाद दू धया।
हाँ। कुछ घंट म स्वच्छ वलयन धीरे-धीरे दू धया सफेद हो जाता है और सतह पर एक पतली सफेद परत भी बन सकती है।
Page 8 of 45
Page 10
as e
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण
a g l AglaSem · NCERT Solutions
co m
m.
अव ा आप क्या दे खते ह
m as e
.co
छानने के तुर ंत बाद (िचत्र 8.5, क)
a g l
व छ, रंगहीन चूने का जल
m
स् च्
l a se
g
पूर ा िवलयन दू िधया सफे द
a
खुल ी पेटी िडश में कु छ घंटों बाद (िचत्र 8.5, ख)
co m
ag
ऐसा क्य होता है: पे डश खुली है, अत: चूने के जल क एक बड़ी सतह वायु के संपक म रहती है। वलो डत
m .
as e
करते रहने से नया वलयन बार-बार सतह पर आता है, जससे अ भ क्रया केवल ऊपरी परत तक रुकने के स्थान पर
नरंतर चलती रहती है।
a g l
co m
e m.
m as
क्या आप व्याख्या कर सकते ह क वलयन दू धया क्य हो गया है?
.co l
प्र.4
a g
se m
g l a
a क्य क वायु म उप स्थत काबन डाइऑक्साइड ने चूने के जल के कै ल्सयम हाइ ॉक्साइड से अ भ क्रया करके कै ल्सयम काब नेट
m a s
.co agl
— अघुलनशील सूक्ष्म सफेद कण — और जल बना दया है।
se m
g l a कै िल्सयम काब ने ट + जल
a
कै िल्सयम हाइडॉक्साइड + काबन डाइऑक्साइड →
co m
ऐसा क्य होता है: कै ल्सयम काब नेट जल म नह घुलता। यह अत्यंत सूक्ष्म सफेद कण के रूप म नलं बत रहता है
m .
o m l a se
जो प्रकाश को प्रक णत करते ह, और यही प्रक णन आपक आँख को दू धयापन के रूप म दखता है। चूँ क डश म
सेgही आई होगी — इस प्रकार यह
वायु.cके अ त रक्त कुछ भी नह मलाया गया, अत: काबन डाइऑक्साइड वायु a
m
ase क्रयाकलाप सद्ध करता है क वायु म काबन डाइऑक्साइड होती है।
agl
se m
com g l a
.
यह क जए: ताजे चूने के जल म नली से धीरे-धीरे साँस छो ड़ए। यह घंट के स्थान पर कुछ ही क्षण म दू धया हो
m a
ase
जाएगा, क्य क उच्छवा सत वायु म काबन डाइऑक्साइड सामान्य वायु से कह अ धक होती है।
agl
co m
पाठ्य प्रश्न — पृष्ठ 119
m .
m as e
.co
8.1.1 क्या वायु एक मश्रण है?
a g l
a s em
agl क्या आपने कभी ध्यान दया है क वायु म गैस के अ त रक्त कुछ और भी वद्यमान है? क्या आपने कभी कसी
c
प्र.1
अँधकारमय कक्ष म एक सूक्ष्म छद्र से प्रवेश करती हुई सूय क करण म छोटे -छोटे चमकते कण को दे खा है? ये
m .
m a s e
co agl
कण क्या ह?
m .
as e
a g l
वे चमकते कण वायु म नलं बत धूल के कण ह — कोई गैस नह , और न ही वायु के संघटन का भाग।
co m
m .
m as e
.co
a g l Page 9 of 45
Page 11
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
वे चमकते क्य ह: धूल के कण इतने सूक्ष्म होते ह क साधारण प्रकाश म दखाई नह दे ते। जब अँधेरे कक्ष म प्रकाश
क एक पतली करण प्रवेश करती है तो प्रत्येक कण उसका कुछ अंश आपक आँख क ओर प्रक णत करता है
जब क पृष्ठभू म अँधेरी रहती है — इस लए कण अचानक दखने लगते ह। वे इधर-उधर नाचते ह क्य क ग तशील
वायु उन्ह नरंतर धकेलती रहती है।
धूल वायु का अ भन्न अंग नह है; इसे प्रदूषक माना जाता है। इसक प्रकृ त और संख्या समय-समय पर तथा अलग-अलग स्थान
पर भन्न- भन्न हो सकती है — सड़क के पास शुष्क और हवादार दन म अ धक, वषा के बाद कम।
क्या आप जानते ह? वायु के प्रमुख प्रदूषक क णक य पदाथ (धूल, का लख) एवं काबन मोनोऑक्साइड, ओजोन,
नाइ ोजन डाइऑक्साइड और सल्फर डाइऑक्साइड जैसी गैस ह। वायु क गुणवत्ता क व्याख्या करने के लए वायु
गुणवत्ता सूचकांक (ए.क्यू.आई.) का उपयोग कया जाता है।
क्रयाकलाप 8.2—आइए, खोज कर — पृष्ठ 119
8.1.1 क्या वायु एक मश्रण है?
क्रयाकलाप
प्र.1 काले रंग के पत्रक को बना हलाए कसी खुली खड़क के पास ( चत्र 8.6, क) या वा टका म कुछ घंट के लए
रख द जए। आप क्या अवलोकन करते ह?
खुली िखड़ की धूल के कण
(क) (ख )
काले रंग का पत्रक आवधक लेंस
चत्र 8.6, पृष्ठ 119 — पुनर खत रेखा चत्र। खुली खड़क के पास रखा कागज़ का काले रंग का पत्रक — (क) धूलकण
से र हत; (ख) धूलकण स हत, आवधक लस से दे खने पर।
पत्रक क सतह पर छोटे -छोटे कण जमे हुए दखाई दे ते ह। आवधक लस से दे खने पर ( चत्र 8.6, ख) पता चलता है क वे भन्न- भन्न
आकार, आकृ त और रंग के ह — महीन धूसर धूल, का लख के कण, परागकण, कपड़े का कोई रेशा।
Page 10 of 45
Page 12
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
पत्रक प्रेक्षण
िचत्र 8.6, क — आरंभ में काला, स्वच्छ, धूल के िकसी भी दृ श्य कण से रिहत
िचत्र 8.6, ख — कु छ घंटों के बाद पूर ी सतह पर छोटे-छोटे कण जमे हुए
ऐसा क्य होता है: ये कण पहले से ही वायु म तैर रहे थे। पत्रक को बना हलाए रखने पर कण गुरुत्व के कारण
धीरे-धीरे उस पर बैठ जाते ह और वह रह जाते ह। यह दशाता है क धूल के कण वायु म नलं बत होते ह। काला
पत्रक जान-बूझकर चुना गया है — हल्के रंग क धूल गहरी पृष्ठभू म पर स्पष्ट दखती है।
स्वयं जाँ चए: एक पत्रक व्यस्त सड़क के पास और एक बंद कक्ष के भीतर र खए। धूल क मात्रा का अंतर बता दे गा
क धूल के कण क संख्या स्थान के अनुसार क्य बदलती है।
पाठ्य प्रश्न — पृष्ठ 120
Page 11 of 45
Page 13
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
8.1.2 मश्रण के प्रकार
प्र.1 अपने घटक क भौ तक अव ा के आधार पर मश्रण कई प्रकार के हो सकते ह। कुछ मश्रण और उनके
उदाहरण ता लका 8.1 म दशाए गए ह। चौथा स्तंभ पूण क जए—
ता लका 8.1 — व भन्न प्रकार के मश्रण
क्रं. सं. मश्रण का प्रकार उदाहरण समरूप या वषमरूप
1. गैस और गैस वायु समरूप
2. गैस और द्रव वा तत जल (सोडा जल) ……………………
जल म घुली ऑक्सीजन ……………………
3. ठोस और गैस वायु म काबन कण ……………………
4. द्रव और द्रव जल म ऐसी टक अम्ल ( सरका) ……………………
तेल और जल ……………………
5. ठोस और द्रव रेत और जल ……………………
समुद्र जल ……………………
6. ठोस और ठोस बे कग पाउडर (बे कग सोडा और टाट रक अम्ल) ……………………
मश्रधातु ……………………
भरा जाने वाला स्तंभ समरूप या वषमरूप वाला है। प्रत्येक उदाहरण को एक ही कसौट पर पर खए: क्या घटक को पृथक-पृथक
दे खा जा सकता है?
क्रं. सं. मश्रण का प्रकार उदाहरण समरूप या वषमरूप
1. गैस और गैस वायु सम रूप
2. गैस और द्रव वा तत जल (सोडा जल) सम रूप
जल म घुली ऑक्सीजन सम रूप
3. ठोस और गैस वायु म काबन कण िवषम रूप
4. द्रव और द्रव जल म ऐसी टक अम्ल ( सरका) सम रूप
तेल और जल िवषम रूप
5. ठोस और द्रव रेत और जल िवषम रूप
समुद्र जल सम रूप
6. ठोस और ठोस बे कग पाउडर (बे कग सोडा और टाट रक अम्ल) िवषम रूप
मश्रधातु सम रूप
Page 12 of 45
Page 14
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
ये उत्तर क्य : सोडा जल, घुली ऑक्सीजन, सरका और समुद्र जल — इन सभी म एक पदाथ दूसरे म पूणत: घुल
गया है, अत: मश्रण सवत्र एक जैसा है और समरूप है। वायु म काबन कण, जल पर तेल और जल म रेत अलग-
अलग कण या परत के रूप म दखाई दे ते रहते ह, अत: वषमरूप ह। बे कग पाउडर दो सफेद चूण का यां त्रक
मश्रण है — आवधक लस से दोन प्रकार के कण पहचाने जा सकते ह। मश्रधातु वशेष स्थ त है: पघलाकर
मलाई गई धातुएँ इतनी एकरूपता से मलती ह क सूक्ष्मदश भी पूरे म एक ही पदाथ दखाता है।
संकेत: हद पुस्तक ठ क ही ‘चौथा स्तंभ’ कहती है; अं ेज़ी संस्करण के इसी पृष्ठ पर "Complete the third
column" छपा है, जब क ता लका 8.1 म रक्त स्तंभ चौथा ही है। भरना समरूप या वषमरूप वाला स्तंभ ही है।
एक सोपान ऊपर — पृष्ठ 121
8.2 शुद्ध पदाथ क्या ह?
एक सोपान ऊपर
प्र.1 व ान के अनुसार आप दूध, डब्बाबंद फल के रस, बे कग सोडा, चीनी और मृदा को मश्रण या शुद्ध पदाथ के
रूप म कैसे वग कृत करगे?
इनम केवल बे कग सोडा और चीनी शुद्ध पदाथ ह। शेष तीन मश्रण ह, चाहे पैकेट पर ‘शुद्ध’ कतना ही बड़ा क्य न लखा हो।
पदाथ वग करण कारण
दू ध िम श्रण जल, वसा, प्रोट न, शकरा और ख नज एक साथ; वसा को मलाई के रूप म पृथक कया जा
सकता है, जो एक भौ तक प्र क्रया है
िडब्बाबंद फलों का िम श्रण जल, फल का गूदा, चीनी, अम्ल तथा प्राय: मलाया गया रंग व प ररक्षक
रस
बेिकं ग सोडा शुद्ध पदाथ केवल एक ही प्रकार के कण से बना; कसी भौ तक प्र क्रया ारा अन्य प्रकार के द्रव्य म पृथक
(यौिगक ) नह कया जा सकता
चीनी शुद्ध पदाथ एक ही प्रकार के कण; गरम करने पर यह काबन और जल म टू टती अवश्य है, परंतु वह
(यौिगक ) रासाय नक प रवतन है, भौ तक नह
म ृद ा िम श्रण रेत, चकनी म , मस, जल, वायु और ख नज — इसके भन्न- भन्न कण दखाई दे ते ह
ऐसा क्य होता है: सामान्य प्रयोग म ‘शुद्ध’ का अथ है मलावट र हत। वज्ञान इससे कठोर प्रश्न पूछता है — क्या
उस पदाथ म एक ही प्रकार के कण ह? बना मलावट वाला दूध सामान्य अथ म शुद्ध है, परंतु वैज्ञा नक दृ ष्ट से
अशुद्ध है, क्य क वह एक से अ धक पदाथ से बना है।
Page 13 of 45
Page 15
as e
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण
a g l AglaSem · NCERT Solutions
co m
m.
क्रयाकलाप 8.3— आइए, प्रयोग कर ( नदशन क्रयाकलाप) — पृष्ठ 121
m as e
.co
8.3 शुद्ध पदाथ के प्रकार क्या ह?
a g l
se m
l a
क्रयाकलाप
a g
क्या आप दोन ट मनल पर रखी परखन लय के अंदर गैस के बुलबुले बनते हुए दे खते ह?
m
प्र.1
. co ag
e m
g l as
a
हाँ। 9V बैटरी के दोन ट मनल से महीन बुलबुले लगातार ऊपर उठते ह और जल से भरी परखन लय के बंद सरे पर एक त्रत होकर
m
जल को नीचे धकेलते जाते ह।
co
se m.
o m l a
ऐसा क्य होता है: जल म से प्रवा हत वद्युत उसे दो गैस म वघ टत कर दे ती है। बीकर म तनु सल्फ्यू रक अम्ल क
gहै, और अम्ल जल को इतना
कुछ बूँद.cबना कारण नह डाली गईं — शुद्ध जल वद्युत को बहुत कम प्रवा हत करता
a
m
se बना दे ता है क प रवतन दखाई दे ने योग्य दर से हो सके।
g l a
चालक
a
om a s
. c agl
सुरक्षा सव प र: यह क्रयाकलाप शक्षक के नदशन म ही कया जाना चा हए, सल्फ्यू रक अम्ल से काय करते
समय सावधानी र खए और ल थयम-आयन बैटm
a s e री का प्रयोग कदा प न कर।
agl
co m
m .
m as e
.co a g l
se m
g l a
a
se m
com g l a
m . a
ase
agl
co m
m .
m as e
.co a g l
se m
g l a
a c
m .
m a s e
e m . co agl
g l as
a
co m
m .
m ase
.co
a g l Page 14 of 45
Page 16
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
प्र.2 प्रत्येक परखनली म एक त्रत गैस के आयतन का अवलोकन क जए ( चत्र 8.8, घ)। क्या दोन परखन लय म
एक त्रत गैस के आयतन समान ह?
हाइडोजन गैस
ऑक्सीजन गैस
परखनली
गैस के बुलबुले
सल्फ्यूिरक अम्ल की कु छ
बूदँ ों सिहत जल
9 V बैटरी
(घ) परखनिलयों मे ं एकित्रत गैसे ं
चत्र 8.8 (घ), पृष्ठ 122 — जल म वद्युत प्रवा हत करने क व्यव ा का पुनर खत रेखा चत्र। गैस-स्तंभ क ऊँचाइयाँ
पुस्तक के अनुसार ह।
नह । दोन आयतन स्पष्ट रूप से असमान ह — एक परखनली म दूसरी से लगभग दोगुनी गैस एक त्रत होती है।
परखनली गैस का आयतन एक त्रत गैस
एक टिमनल पर अिधक — लगभग दोगुना हाइ ोजन
दू स रे टिमनल पर कम — लगभग आधा ऑक्सीजन
ऐसा क्य होता है: जल म हाइ ोजन और ऑक्सीजन के परमाणुओं क संख्या का अनुपात न त रूप से 2 : 1
है। अत: जल के वघटन पर हाइ ोजन ऑक्सीजन क लगभग दोगुनी मात्रा म मुक्त होती है — और आप उस
न त अनुपात को अपनी आँख से दे ख रहे ह। पूरे 10–15 मनट प्रतीक्षा क जए; कम समय म अंतर आँकने योग्य
नह होता।
Page 15 of 45
Page 17
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
प्र.3 एक जलती हुई मोमबत्ती को परखन लय के मुँह के पास लाकर इन गैस का एक-एक करके परीक्षण क जए।
प्रत्येक त म क्या होता है?
दोन गैस पूणतया भन्न व्यवहार करती ह।
अ धक आयतन वाली परखनली: परखनली के मुँह पर गैस के जलते ही तीखी ‘फट् ’ क ध्व न सुनाई दे ती है ( चत्र 8.9, क)।
कम आयतन वाली परखनली: कोई ध्व न नह ; इसके स्थान पर मोमबत्ती क लौ अ धक प्रद प्त हो जाती है ( चत्र 8.9, ख)।
ऐसा क्य होता है: ‘फट् ’ क ध्व न उस गैस के स्वयं वायु म तेजी से जलने क ध्व न है — अथात वह गैस एक ईंधन
है। लौ का अ धक प्रद प्त होना बताता है क वह गैस स्वयं नह जलती, ब ल्क मोमबत्ती को बेहतर जलने म सहायता
करती है — अथात वह दहन म सहायक है। एक ही द्रव से प्राप्त दो गैस का ठ क वपरीत व्यवहार पहला संकेत है
क जल कोई एक सरल पदाथ नह है।
सुरक्षा सव प र: गैस परीक्षण सावधानी से क जए और प्रेक्षण स्थल (सेट-अप) से सुर क्षत दूरी बनाए र खए।
प्र.4 प्रत्येक परखनली म कौन-सी गैस उप त है?
‘फट् ’ क ध्व न हाइ ोजन क पु ष्ट करती है; अ धक प्रद प्त लौ ऑक्सीजन क ।
परीक्षण प्रेक्षण पहचानी गई गैस
परखनली के मुँह पर जलती मोमब ी ‘फट् ’ क ध्व न सुनाई दे ती है हाइडोजन (िचत्र 8.9, क )
परखनली के मुँह पर जलती मोमब ी लौ अ धक प्रद प्त हो जाती है ऑक्सीजन (िचत्र 8.9, ख)
जल (िव त
ु पवािहत करने पर) → हाइडोजन + ऑ क्सीजन
यह क्या सद्ध करता है: जल दो भन्न घटक म वघ टत हो गया है। अत: जल तत्व नह हो सकता — यहाँ शुद्ध
पदाथ हाइ ोजन और ऑक्सीजन ह, और ये दोन ही तत्व ह।
Page 16 of 45
Page 18
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
प्र.5 क्या ये एक त्रत गैस जलवाष्प हो सकती ह?
नह । य द ये जलवाष्प होत तो परखनली के भीतर ठं डी होते ही संघ नत होकर पुन: जल म प रव तत हो जात — परंतु गैस गैस ही
बनी रहती है और जल के तल को नीचे धकेलती जाती है।
यह प्रश्न इससे क्य सुलझ जाता है: जलवाष्प अब भी जल ही है; उसक केवल अवस्था बदली है, और ठं डा करने
पर वह सीधे द्रव जल बन जाती है, जैसा आपने कक्षा 6 म पढ़ा था। ये गैस ऐसा नह करत । इसके अ त रक्त
जलवाष्प न तो ‘फट् ’ क ध्व न दे ती है और न ही मोमबत्ती क लौ को अ धक प्रद प्त करती है। अत: जल म वद्युत
प्रवा हत करना अवस्था प रवतन है ही नह — यह दो पूणतया नए पदाथ म प रवतन है।
क्या आपके सं ान म है... — पृष्ठ 123
8.3.1 तत्व
क्या आपके सं ान म है . ..
प्र.1 जब जल म वद्युत धारा प्रवा हत क जाती है तो हाइ ोजन और ऑक्सीजन गैस प्राप्त होती ह। यह प रवतन
रासाय नक है या भौ तक? इसके लए आप कक्षा 7 क पाठ्यपुस्तक ज ासा के अध्याय ‘हमारे आस-पास के
प रवतन— भौ तक एवं रासाय नक’ का स्मरण क जए।
यह एक रासाय नक प रवतन है।
रासाय नक प रवतन क क्या यहाँ लागू होती है?
कसौट
नए पदाथ बनते है ं हाँ — हाइडोजन और ऑक्सीजन, जो पहले वहाँ थे ही नही ं
नए पदाथ ं के ग ण
ु धम िभन्न होते है ं हाँ — एक ‘फट् ’ की ध् विन के साथ जलती है, दू स री लौ को अिधक पदीप्त करती है; जल इनमें से कु छ
भी नही ं करता
पिरवतन सरलता से उत्क्रमणीय नही ं हाँ — गैस ों को मात्र ठं डा करके जल पुन: पाप्त नही ं िकया जा सकता
होता
ऐसा क्य होता है: इसक तुलना बफ के पघलने या जल के उबलने से क जए। वहाँ केवल अवस्था बदलती है और
जल के कण समान बने रहते ह, अत: वह प रवतन भौ तक तथा गरम या ठं डा करके उत्क्रमणीय है। यहाँ कण स्वयं
दो भन्न तत्व के कण म टू ट जाते ह — पदाथ क पहचान ही बदल जाती है, और यही कसी प रवतन को
रासाय नक बनाता है।
Page 17 of 45
Page 19
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
पाठ्य प्रश्न — पृष्ठ 124
8.3.2 यौ गक
प्र.1 हम जल म उप त हाइ ोजन और ऑक्सीजन को भौ तक साधन ारा पृथक क्य नह कर सकते ह?
क्य क जल म हाइ ोजन और ऑक्सीजन के कण एक-दूसरे से इतनी प्रबलता से जुड़े होते ह क कसी भी भौ तक व ध से उन्ह
पृथक नह कया जा सकता। जल एक यौ गक है, मश्रण नह ।
ऐसा क्य होता है: भौ तक व ध — छानना, छलनी से अलग करना, वाष्पीकरण, चुंबक का उपयोग, बैठने दे ना —
केवल उन कण को छाँटती है जो पहले से पृथक और साथ-साथ पड़े ह। यौ गक म तत्व एक न त अनुपात म
रासाय नक रूप से संयो जत हो चुके होते ह और वहाँ हाइ ोजन तथा ऑक्सीजन के पृथक कण बचे ही नह ; जल
का अणु एक नया कण है। उन्ह पृथक करने के लए रासाय नक प रवतन कराना पड़ता है, और क्रयाकलाप 8.3 म
वद्युत धारा ने यही कया।
संकेत: यह अध्याय क सबसे स्पष्ट रेखा है। जल म घुला नमक मश्रण है — जल वा ष्पत क जए और नमक लौट
आता है। जल म हाइ ोजन और ऑक्सीजन यौ गक ह — कतना भी वाष्पीकरण उन्ह कभी नह लौटाएगा।
प्र.2 साधारण नमक और चीनी क्या ह — तत्व या यौ गक? आइए, ात कर।
दोन यौ गक ह।
साधारण नमक सो डयम क्लोराइड है। सो डयम एक नरम धातु है और क्लोरीन एक हा नकारक गैस, फर भी दोन मलकर
एक हा न र हत तथा स्वाद बढ़ाने वाला पदाथ बनाते ह जो हमारे जीवन के लए आवश्यक है — इसम सो डयम और क्लोरीन के
कण 1 : 1 के अनुपात म होते ह।
चीनी काबन, हाइ ोजन और ऑक्सीजन तत्व से बना एक रासाय नक यौ गक है। क्रयाकलाप 8.4 इसे सद्ध करता है:
गरम क गई चीनी पीछे चारकोल (काबन) छोड़ती है और जल दे ती है, और जल स्वयं हाइ ोजन तथा ऑक्सीजन से बना है।
ऐसा क्य होता है: दोन ही स्थ तय म नणायक प्रमाण गुणधम का बदल जाना है। न नमक अपने भीतर के तत्व
जैसा व्यवहार करता है और न चीनी — यौ गक वास्तव म एक नया पदाथ है, न क दो तत्व का साथ-साथ रहना।
प्र.3 क्या सो डयम क्लोराइड को भौ तक प्र क्रयाओं ारा उसके घटक तत्व म पृथक करना संभव है?
नह । सो डयम क्लोराइड एक यौ गक है, अत: कोई भी भौ तक प्र क्रया उसे सो डयम और क्लोरीन म नह बाँट सकती।
Page 18 of 45
Page 20
as e
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण
a g l AglaSem · NCERT Solutions
. com
ऐसा क्य होता है: दो भन्न पृथक्करण म भ्रम न क जए। घुला हुआ सो डयम क्लोराइड समुद्र जल से वाष्पीकरण
ारा पुन: प्राप्त कया जा सकता है — परंतु वह नमक को केवल जल से पृथक करता है, जो एक eमश्रण
s m है। इससे
m
co क्लोराइड वापस मलता है, सो डयम और क्लोरीन नह । नमक को उसक a
l तत्व म तोड़ने के
gे दोन
. a
em
आपको सो डयम
l a s
aपg रवतन चा हए, भौ तक नह ।
लए उस रासाय नक संयोजन को तोड़ना पड़ेगा जो उन्ह 1 : 1 के अनुपात म बाँधे हुए है, और इसके लए रासाय नक
co m
e m . ag
as
स्वयं जाँ चए: प्रत्येक पृथक्करण पर यह प्रश्न पू छए — म मश्रण को उसके घटक म पृथक कर रहा ँ या यौ गक
को उसके तत्व म? भौ तक व ध से केवल पहला ही संभव है।
a g l
co m
em.
m as
क्रयाकलाप 8.4— आइए, प्रयोग कर — पृष्ठ 124
.co a g l
se m
g l a
a
m a s
m .co agl
l a se
a g
co m
m .
m as e
.co a g l
se m
g l a
a
se m
com g l a
m . a
ase
agl
co m
m .
m as e
.co a g l
se m
g l a
a c
m .
m a s e
e m . co agl
g l as
a
co m
m .
m ase
.co
a g l Page 19 of 45
Page 21
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
8.3.2 यौ गक
क्रयाकलाप
प्र.1 एक क्वथन नली म एक चम्मच चीनी ली जए। इसे चत्र 8.12 (क) म दशाए अनुसार धीरे-धीरे गरम कर। आप
क्या अवलोकन करते ह?
परखनली होल्डर
क्वथन नली
चीनी
िस्पिरट लैपं
(क) चीनी को गरम करना
चत्र 8.12 (क), पृष्ठ 125 — पुनर खत रेखा चत्र। स्प रट लप पर क्वथन नली म एक चम्मच चीनी को धीरे-धीरे गरम
करना।
चीनी म तीन स्पष्ट चरण म प रवतन होता है।
1. वह पघलकर भूरे रंग क हो जाती है ( चत्र 8.12, ख)।
2. और गरम करने पर वह जलना आरंभ कर दे ती है — अथात काली हो जाती है ( चत्र 8.12, ग)।
3. क्वथन नली के खुले सरे के समीप अंदर क ओर जल क छोट -छोट बूँद दखाई दे ती ह, और नली म एक काला ठोस,
चारकोल (काबन), शेष रह जाता है।
चीनी (गरम करने पर) → काबन + जल
ऐसा क्य होता है: चीनी गरम करने पर वघ टत हो जाती है। जल और काला चारकोल पहले नली म थे ही नह ,
अत: पदाथ का एक नया समूह बना है — यह रासाय नक प रवतन है और यही प्रमाण है क चीनी एक से अ धक
तत्व से बनी है।
Page 20 of 45
Page 22
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
सुरक्षा सव प र: यह क्रयाकलाप शक्षक क उप स्थ त म ही कया जाना चा हए। क्वथन नली को परखनली होल्डर
से पक ड़ए और उसका मुख सबसे दूर क ओर र खए।
पाठ्य प्रश्न — पृष्ठ 125
8.3.2 यौ गक
प्र.1 आपको क्वथन नली के खुले सरे के समीप अंदर क ओर जल क छोट -छोट बूँद दखाई दगी। यह जल कहाँ से
आया? क्या यह शुष्क चीनी म था या वायु क जलवाष्प के संघनन से आया?
यह जल शुष्क चीनी से ही आया है, वायु से नह ।
हम न त क्य हो सकते ह: हम नली को गरम कर रहे ह। वायु क जलवाष्प कसी ठं डी सतह पर संघ नत होती
है, गरम सतह पर कभी नह — अत: गरम क जा रही क्वथन नली के भीतर वायु से कुछ भी जमा नह हो सकता।
बूँद खुले सरे के पास बनती ह, जो नली का सबसे ठं डा भाग है, ठ क वह जहाँ भीतर से आती वाष्प ठं डी होकर
संघ नत होगी। और जस चीनी से हमने आरंभ कया वह शुष्क थी।
अत: गरम करने पर चीनी वघ टत हुई है और उसके उत्पाद म से एक जल है। चूँ क जल स्वयं हाइ ोजन और ऑक्सीजन से बना है,
अत: चीनी म हाइ ोजन और ऑक्सीजन अवश्य रहे ह गे — चीनी तत्व नह हो सकती।
प्र.2 क्या आप अनुमान लगा सकते ह क क्या शेष रहा?
क्वथन नली म चारकोल अथात काबन शेष रह जाता है। यह वही काला, भुरभुरा ठोस है जसे आप वाच-ग्लास म नकाल सकते ह
( चत्र 8.12, ग)।
ऐसा क्य होता है: गरम करने पर चीनी काबन और जल म वघ टत होती है। जल वाष्प बनकर खुले सरे के पास
संघ नत हो जाता है, जब क काबन इस तापमान पर वा ष्पत नह होता और काले अवशेष के रूप म शेष रह जाता
है। इसम से थोड़ा जलाकर दे खए — यह कोयले क तरह जलता है, और यही इसके काबन होने क जाँच है।
पूरे क्रयाकलाप को एक साथ र खए—
Page 21 of 45
Page 23
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
चीनी → काबन + जल
और जल → हाइडोजन + ऑक्सीजन
अत: चीनी में काबन, हाइडोजन और ऑ क्सीजन है ं — यह एक यौिगक है।
क्रयाकलाप 8.5— आइए, प्रयोग कर ( नदशन क्रयाकलाप) — पृष्ठ 125
8.3.2 यौ गक
क्रयाकलाप
प्र.1 इन्ह एक वाच-ग्लास म भली-भाँ त म श्रत क जए। इस मश्रण को प्र तदश ‘अ’ ( चत्र 8.14) के रूप म च त
क जए। क्या यह एक समरूप मश्रण है अथवा वषमरूप? क्या आप लोहे और सल्फर दोन पदाथ को अभी
भी पृथक-पृथक दे ख सकते ह?
पितदश ‘अ ’
लोहे का चूण (काले कण ) सल् फर का चूण (हल् का पीला)
चत्र 8.14, पृष्ठ 126 — पुनर खत रेखा चत्र। प्र तदश ‘अ’ — वाच-ग्लास म 5.6 ाम लौह चूण और 3.2 ाम सल्फर
चूण का मश्रण।
प्र तदश ‘अ’ एक वषमरूप मश्रण है, और हाँ — लोहे तथा सल्फर को अब भी पृथक-पृथक दे खा जा सकता है।
ऐसा क्य होता है: ध्यान से दे खने पर पीले सल्फर चूण के बीच लोहे के धूसर-काले कण पहचाने जा सकते ह;
आवधक लस से यह और स्पष्ट हो जाता है। कोई अ भ क्रया हुई ही नह — दोन तत्व केवल मलाए गए ह, अत:
प्रत्येक अपना रंग, अपनी बनावट और अपने शेष सभी गुणधम बनाए रखता है। यही मश्रण क प रभाषा है, और
चूँ क दोन प्रकार के कण इतने बड़े ह क पहचाने जा सक, मश्रण वषमरूप है।
संकेत: मात्राएँ मनमानी नह ह। 5.6 ाम लोहा और 3.2 ाम सल्फर द्रव्यमान का 7 : 4 अनुपात है — वही
अनुपात जसम आगे गरम करने पर दोन तत्व पूणत: संयो जत हो जाते ह और कुछ भी शेष नह बचता।
Page 22 of 45
Page 24
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
प्र.2 अब आपके पास दो प्र तदश ह— प्र तदश ‘अ’ और प्र तदश ‘ब’ ( चत्र 8.16, क और 8.16, ख)। दोन प्र तदश
‘अ’ और ‘ब’ क नम्न ल खत चरण के अनुसार तुलना क जए और अपने प्रेक्षण को ता लका 8.2 म अं कत
क जए।
(क) पितदश ‘अ ’ (ख) पितदश ‘ब’
चत्र 8.16, पृष्ठ 126 — पुनर खत रेखा चत्र। (क) प्र तदश ‘अ’ — लोहे और सल्फर का मश्रण; (ख) प्र तदश ‘ब’ —
प्र तदश ‘अ’ को गरम करने पर बना काला पदाथ, पीसकर चूण बनाया हुआ।
ता लका 8.2 — प्र तदश ‘अ’ और ‘ब’ क तुलना
क्र. सं. प्रयोग अवलोकन
प्र तदश ‘अ’ प्र तदश ‘ब’
1. स्वरूप
(i) रंग
(ii) बनावट
2. चुंबक य परीक्षण
3. गैसीय परीक्षण
(i) गंध
(ii) जलना
पूण क गई ता लका 8.2 इस प्रकार है।
Page 23 of 45
Page 25
as e
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण
a g l AglaSem · NCERT Solutions
co m
m.
क्र. प्रयोग प्र तदश ‘अ’ प्र तदश ‘ब’
as e
co—m(i) रंग
सं.
. a g l
sem
1. स्वरूप दो रंग एक साथ — पीले स ल्फर के बीच लोहे के पूरे पदाथ में एक समान काला
a
agl
काले कण
स्वरूप — (ii) बनावट दानेद ार और असमान; दो पकार के कण पहचाने महीन, एकसमान चूण; सवत्र एक जैस ा
co m
. ag
जा सकते है ं
e m
2. चुंबक य परीक्षण
g l as
लौह चूण चुंबक की ओर आकिषत होकर उठ जाता िबलकु ल आकिषत नही ं होता
है a
3. गैसीय परीक्षण — (i) गैस की कोई गंध नही ं
co m
गैस की गंध सड़ े हएु अंडे जैस ी
em.
गंध
m l as
.co
m जलना
गैसीय परीक्षण — (ii) ‘फट् ’ की ध् विन के साथ जलती है (हाइडोजन)
a g
‘फट् ’ की ध् विन नही ं दे ती; यह हाइडोजन
l a se स ल्फाइड है
a g
m
यह ता लका क्या दखाती है: प्रत्येक पं क्त म उत्तर भन्न है। प्र तदश ‘अ’ लोहे और सल्फर के साथ-साथ रखे होने
a s
m .co
जैसा व्यवहार करता है; प्र तदश ‘ब’ इनम से कसी जैसा भी नह । मश्रण और यौ गक का पूरा अंतर यही है, प्रेक्षण
agl
के रूप म लखा हुआ।
l a se
a g
co m
m .
e
चरण 1 — स्वरूप। प्र तदश ‘अ’ और प्र तदश ‘ब’ के स्वरूप , जैसे — रंग और बनावट क तुलना क जए।
as
प्र.3
m l
m .co a g
l a seउत्तर
ag दोन बलकुल एक जैसे नह दखते।
se m
com l a
प्र तदश ‘अ’: चतकबरा मश्रण — पीले सल्फर चूण के बीच लोहे के काले कण स्पष्ट दखाई दे ते ह; बनावट खुरदरी और
. a g
m
ase
असमान है।
agl
प्र तदश ‘ब’: एक समान काला द्रव्यमान, पीसकर महीन चूण बनाया हुआ, जसका रंग और बनावट प्रत्येक बदु पर एक जैसी
है।
. com
ऐसा क्य होता है: प्र तदश ‘अ’ म लोहा और सल्फर अब भी स्वयं ही ह, अत: आपको दोन के स्वरूप एक साथ
m — आयरन सल्फाइड —
दखते ह। प्र तदश ‘ब’ म दोन तत्व रासाय नक रूप से संयो जत होकर एक ही नयाeपदाथ
s
m a
aglसल्फर; वहाँ एक ही पदाथ है, अत:
.cबनo चुके ह। न काला-धूसर दखने वाला लोहा शेष है और न पीला दखने वाला
m एक ही स्वरूप है।
l a se
ag
.c
s e m
m a
e m . co agl
g l as
a
co m
m .
m ase
.co
a g l Page 24 of 45
Page 26
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
प्र.4 चरण 2 — चुंबक परीक्षण। एक चुंबक ली जए और उसे प्र तदश ‘अ’ ( चत्र 8.17, क) और प्र तदश ‘ब’ ( चत्र
8.17, ख) पर बारी-बारी से घुमाएँ। आपने क्या अवलोकन कया?
चुंबक चुंबक
(क) पितदश ‘अ’ (ख) पितदश ‘ब ’
चत्र 8.17, पृष्ठ 126 — पुनर खत रेखा चत्र। (क) प्र तदश ‘अ’ और (ख) प्र तदश ‘ब’ पर चुंबक घुमाना।
चुंबक प्र तदश ‘अ’ से लौह चूण ख च लेता है और पीला सल्फर पीछे छोड़ दे ता है। प्र तदश ‘ब’ पर उसका कोई प्रभाव नह पड़ता।
प्र तदश चुंबक के प्र त अनु क्रया यह क्या बताता है
‘अ’ लौह चूण चुंबक से चपक जाता है; सल्फर शेष लोहा अब भी लोहे के रूप में उपिस्थत है — ‘अ’ िम श्रण है और उसे पथृ क
रह जाता है िकया जा सकता है
‘ब’ कुछ भी आक षत नह होता मुक्त लोहा शेष नही ं है — एक नया पदाथ बन चुक ा है
ऐसा क्य होता है: चुंबक ारा आक षत होना लोहे का गुणधम है। मश्रण म प्रत्येक घटक अपने गुणधम बनाए
रखता है, अत: प्र तदश ‘अ’ का लोहा अब भी चुंबक य है और चुंबक मश्रण को पृथक करने का साधन बन जाता है।
प्र तदश ‘ब’ म लोहा सल्फर के साथ रासाय नक रूप से संयो जत हो चुका है; बना हुआ यौ गक आयरन सल्फाइड
अपने ही गुणधम वाला भन्न पदाथ है, और चुंबक य आकषण उनम से एक नह है।
Page 25 of 45
Page 27
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
प्र.5 चरण 3 — गैस परीक्षण। एक परखनली म प्र तदश ‘अ’ क थोड़ी मात्रा ली जए और उसम तनु हाइ ोक्लो रक
अम्ल क कुछ बूँद डा लए ( चत्र 8.18, क)। आप क्या अवलोकन करते ह? उत्स जत गैस को हाथ से अपनी नाक
क ओर लाते हुए धीरे से सूँ घए ( चत्र 8.19)।
परखनली
परखनली स्टै ंड
गै स को हाथ से नाक की ओर लाना
(क) पितदश ‘अ’
चत्र 8.18 (क) एवं चत्र 8.19, पृष्ठ 127 — पुनर खत रेखा चत्र। बाएँ — परखनली म प्र तदश ‘अ’ म तनु
हाइ ोक्लो रक अम्ल क कुछ बूँद। दाएँ — कसी उत्स जत गैस क गंध लेने का सही तरीका।
गैस के बुलबुले तेजी से नकलते ह और परखनली के तल पर एक पीला ठोस शेष रह जाता है। हाथ से नाक क ओर लाकर सूँघने पर
गैस क कोई गंध नह होती।
वास्तव म मश्रण म उप स्थत केवल लोहा ही अ भ क्रया करता है—
आयरन + तनु हाइडोक्लोिरक अम्ल → आयरन क्लोराइड + हाइडोजन गैस
सल्फर परखनली के तल पर एक पीले ठोस के रूप म शेष रह जाता है — यह हाइ ोक्लो रक अम्ल के साथ अ भ क्रया नह करता।
ऐसा क्य होता है: प्र तदश ‘अ’ मश्रण है, अत: उसके दोन घटक अम्ल से अलग-अलग मलते ह और ठ क वैसा
ही व्यवहार करते ह जैसा वे अकेले करते। मुक्त हुई गैस हाइ ोजन है, जो रंगहीन और गंधहीन होती है।
सुरक्षा सव प र: कभी भी कसी पदाथ को सीधे न सूँघ। चत्र 8.19 के अनुसार हाथ से गैस को नाक क ओर
लाइए, और हाइ ोक्लो रक अम्ल का उपयोग करते समय सावधानी र खए।
Page 26 of 45
Page 28
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
प्र.6 जलती हुई तीली या जलती हुई मोमबत्ती को परखनली के मुख पर लाकर उत्स जत गैस का परीक्षण क जए
( चत्र 8.20, क)। आप क्या दे खते ह? उपयुक्त चरण को प्र तदश ‘ब’ के साथ भी दोहराइए ( चत्र 8.18, ख और
8.20, ख)।
फट्
(क) पितदश ‘अ’ (ख) पितदश ‘ब ’
चत्र 8.20, पृष्ठ 127 — पुनर खत रेखा चत्र। परखनली के मुख पर जलती हुई तीली लाना — (क) प्र तदश ‘अ’, गैस
‘फट् ’ ध्व न के साथ जलती है; (ख) वही चरण प्र तदश ‘ब’ के साथ दोहराने पर ( चत्र 8.18, ख और 8.20, ख) ‘फट् ’
ध्व न नह होती।
प्र तदश ‘अ’ क गैस ‘फट् ’ क ध्व न के साथ जलती है — वह हाइ ोजन है। प्र तदश ‘ब’ क गैस हर दृ ष्ट से भन्न है: वह रंगहीन
तो है परंतु उसक गंध तीव्र सड़े हुए अंडे जैसी है, और वह हाइ ोजन सल्फाइड है।
आयरन सल्फाइड + तनु हाइडोक्लोिरक अम्ल → आयरन क्लोराइड + हाइडोजन सल्फाइड
प्र तदश ‘अ’ प्र तदश ‘ब’
उत्सिजत गैस हाइडोजन हाइडोजन स ल्फाइड
गंध गंध हीन सड़ े हुए अंडे जैस ी
जलने पर ‘फट् ’ की ध् विन के साथ जलती है ‘फट् ’ की ध् विन नही ं दे ती
Page 27 of 45
Page 29
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
ऐसा क्य होता है: गैस बता दे ती है क अम्ल ने वास्तव म कस पर आक्रमण कया। प्र तदश ‘अ’ म अम्ल को मुक्त
लोहा मला, अत: हाइ ोजन नकली। प्र तदश ‘ब’ म न मुक्त लोहा है न मुक्त सल्फर — वहाँ अम्ल को यौ गक
आयरन सल्फाइड मला, अत: सल्फरयुक्त गैस नकली। पूणतया भन्न उत्पाद ही इस बात का सबसे स्पष्ट प्रमाण है
क प्र तदश ‘ब’ एक नया पदाथ है, वही पुराना मश्रण नह ।
सुरक्षा सव प र: हाइ ोजन सल्फाइड वषैली गैस है। इसी लए पुस्तक कहती है क यह क्रयाकलाप धूम्र-कक्ष या
हवादार स्थान म कया जाए और गैस को ास म अंदर न लया जाए।
चचा के कुछ बदु — पृष्ठ 128
8.3.2 यौ गक
चचा के लए
प्र.1 क्या प्र तदश ‘अ’ और ‘ब’ एक समान दखते ह?
नह । प्र तदश ‘अ’ चतकबरा है — पीले सल्फर के बीच काला लोहा; प्र तदश ‘ब’ पूरे पदाथ म एक समान काला है, जसका रंग
और बनावट सवत्र एक जैसी है।
ऐसा क्य होता है: प्र तदश ‘अ’ म दोन तत्व अब भी स्वयं के रूप म उप स्थत ह, अत: आपको एक ही साथ दोन
के स्वरूप दखते ह। प्र तदश ‘ब’ म वे मलकर एक नया पदाथ, आयरन सल्फाइड, बन चुके ह, और कसी एक
पदाथ का स्वरूप एक ही हो सकता है।
प्र.2 कौन-सा प्र तदश चुंबक य गुण प्रद शत करता है?
प्र तदश ‘अ’ — इसम उप स्थत लौह चूण चुंबक क ओर आक षत होता है। प्र तदश ‘ब’ बलकुल आक षत नह होता।
ऐसा क्य होता है: चुंबक ारा आक षत होना लोहे का गुणधम है। प्र तदश ‘अ’ मश्रण है, और मश्रण का प्रत्येक
घटक अपने गुणधम बनाए रखता है, अत: उसम उप स्थत लोहा अब भी चुंबक य है। प्र तदश ‘ब’ म मुक्त लोहा शेष
ही नह ; लोहा यौ गक आयरन सल्फाइड का भाग बन चुका है, जसके अपने — और भन्न — गुणधम ह।
Page 28 of 45
Page 30
as e
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण
a g l AglaSem · NCERT Solutions
co m
m.
क्या हम प्र तदश ‘अ’ और ‘ब’ के घटक को पृथक कर सकते ह?
e
प्र.3
m l as
.co a g
a s em
agl ‘अ’: हाँ। प्र तदश ‘ब’: नह ।
प्र तदश
co m
ag
प्र तदश क्या पृथक कर कैसे और क्य
m .
se
सकते ह?
l a
‘अ’
(िमश्रण)
हाँ agलोहे को ख च लेता है और सल्फर शेष रह जाता है — भौ तक व ध ही पयाप्त है
चुंबक
co m
m.
नही ं
e
‘ब’ लोहा और सल्फर एक न त अनुपात म रासाय नक रूप से संयो जत ह; कोई भी भौ तक
com l as
(यौिगक) व ध इसे नह तोड़ सकती
. a g
m
ase
agl केवल म श्रत होते ह और सदै व भौ तक व ध से पुन: प्राप्त कए जा सकते ह; यौ गक के घटक तत्व को कसी भी
ऐसा क्य होता है: यही एक प्रश्न मश्रण और यौ गक को अलग करने क व्यावहा रक कसौट है। मश्रण के घटक
m a s
.co agl
भौ तक व ध ारा पृथक नह कया जा सकता।
se m
g l a
a
तनु हाइ ोक्लो रक अम्ल मलाने पर क्या दोन प्र तदश ‘अ’ और ‘ब’ से गैस नकलती है?
m
प्र.4
. co
e m
coसेmगैस नकलती है। परंतु वे दो भन्न गैस ह। g l as
m . a
ase
हाँ — दोन
agl
हाइडोजन गैस m
se
आयरन + तनु हाइडोक्लोिरक अम्ल → आयरन क्लोराइड +
m l a
. o आयरन क्लोराइड + हाइडोजन सल्फाइड
आयरन सल्फाइड + तनु हाइडोक्लोिरक अम्लc→
m a g
gl ase
a
ऐसा क्य होता है: प्र तदश ‘अ’ म अम्ल मश्रण के मुक्त लोहे से अ भ क्रया करता है, जब क सल्फर बना
अ भ क्रया कए तल पर पड़ा रहता है। प्र तदश ‘ब’ म मुक्त लोहा है ही नह ; अम्ल पूरे यौ गक आयरन सल्फाइड से
co m
m .
as e
अ भ क्रया करता है, और उसम बँधा सल्फर गैस के साथ बाहर आ जाता है।
m l
m .co a g
l a se
ag दोन ही तय म क्या गैस क गंध एक जैसी है अथवा भन्न है?
.c
m
प्र.5
m a s e
e m . co agl
as
a g l
भन्न। प्र तदश ‘अ’ क गैस रंगहीन और गंधहीन है; प्र तदश ‘ब’ क गैस रंगहीन तो है परंतु उसक गंध तीव्र सड़े हुए अंडे जैसी है।
co m
m .
m as e
.co
a g l Page 29 of 45
Page 31
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
ऐसा क्य होता है: ‘अ’ से नकली गैस हाइ ोजन है, जो गंधहीन है और ‘फट् ’ क ध्व न के साथ जलती है। ‘ब’ से
नकली गैस हाइ ोजन सल्फाइड है, और उसम वद्यमान सल्फर ही उसे वह अचूक गंध दे ता है। अत: यह गंध इस
बात का सीधा प्रमाण है क प्र तदश ‘ब’ का सल्फर अब मुक्त नह पड़ा, ब ल्क एक नए यौ गक म बँध चुका है।
सुरक्षा सव प र: गैस को हाथ से नाक क ओर लाकर सूँ घए — परखनली के मुख पर नाक कभी न लगाइए।
प्र.6 इस क्रयाकलाप म प्रयुक्त पदाथ को मश्रण, यौ गक और तत्व म भी वग कृत क जए।
तत्व यौ गक मश्रण
आयरन (लौह चूण), स ल्फर आयरन स ल्फाइड (पितदश ‘ब’), हाइडोक्लोिरक पितदश ‘अ’ (लौह चूण + स ल्फर चूण), तनु
(स ल्फर चूण), हाइडोजन अम्ल , आयरन क्लोराइड, हाइडोजन स ल्फाइड हाइडोक्लोिरक अम्ल (जल में हाइडोक्लोिरक अम्ल )
प्रत्येक का नणय कैसे हुआ: लोहे और सल्फर को और अ धक सरल पदाथ म वभा जत नह कया जा सकता
— अत: ये तत्व ह। प्र तदश ‘अ’ इन्ह दोन को केवल मलाकर बनाया गया है और प्रत्येक अपने गुणधम बनाए
रखता है — अत: मश्रण। आयरन सल्फाइड, आयरन क्लोराइड और हाइ ोजन सल्फाइड — तीन म दो भन्न तत्व
एक न त अनुपात म रासाय नक रूप से संयो जत ह और तीन के अपने नए गुणधम ह — अत: यौ गक। और तनु
हाइ ोक्लो रक अम्ल यौ गक हाइ ोक्लो रक अम्ल का जल म मश्रण है, अत: ॉपर म जो है वह मश्रण है, यद्य प
अम्ल स्वयं यौ गक है।
पाठ्य प्रश्न — पृष्ठ 128
8.3.2 यौ गक
प्र.1 क्या आप अब समझा सकते ह क प्र तदश ‘ब’ पर चुंबक का कोई प्रभाव क्य नह पड़ता?
क्य क प्र तदश ‘ब’ म लोहा अब लोहे के रूप म शेष ही नह है। गरम करने पर लोहा और सल्फर रासाय नक रूप से संयो जत होकर
एक नया पदाथ — आयरन सल्फाइड — बना चुके ह, और यौ गक के गुणधम उसे बनाने वाले तत्व से पूणतया भन्न होते ह।
आयरन + सल्फर (गरम करने पर) → आयरन सल्फाइड
Page 30 of 45
Page 32
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
ऐसा क्य होता है: चुंबक ारा आक षत होना लोहे का गुणधम है, आयरन सल्फाइड का नह । प्र तदश ‘अ’ म लोहे
के कण सल्फर के साथ केवल म श्रत थे, अत: उन्ह ने वह गुणधम बनाए रखा और चुंबक उन्ह ख च सका। प्र तदश
‘ब’ म लोहे के कण सल्फर के कण से एक न त अनुपात म रासाय नक रूप से बँधे ह और अब मुक्त नह ह;
उनसे बना यौ गक अपने ही गुणधम वाला भन्न पदाथ है और चुंबक य आकषण उनम स म्म लत नह । यही कारण है
क प्र तदश ‘ब’ से आयरन और सल्फर को अब कसी भी भौ तक व ध से पृथक भी नह कया जा सकता।
अपनी ज ासा बनाए रख — पृष्ठ 131
अध्याय के अंत के प्रश्न
अपनी ज ासा बनाए रख
प्र.1 नम्न ल खत अ भ क्रया पर वचार क जए जहाँ दो पदाथ ‘अ’ और ‘ब’ संयो जत होकर एक उत्पाद ‘स’ बनाते ह
— अ + ब → स मान ली जए क ‘अ’ और ‘ब’ को रासाय नक अ भ क्रयाओं ारा सरल पदाथ म नह तोड़ा जा
सकता है। इस जानकारी के आधार पर नम्न ल खत म से कौन-सा कथन सत्य है? (क) ‘अ’, ‘ब’ और ‘स’ सभी
यौ गक ह और केवल ‘स’ का संघटन न त है। (ख) ‘स’ एक यौ गक है और ‘अ’ एवं ‘ब’ का संघटन न त है।
(ग) ‘अ’ और ‘ब’ यौ गक ह एवं ‘स’ का संघटन न त है। (घ) ‘अ’ और ‘ब’ तत्व ह ‘स’ एक यौ गक है तथा
इसका संघटन न त है।
सही उत्तर: (घ) ‘अ’ और ‘ब’ तत्व ह, ‘स’ एक यौ गक है तथा इसका संघटन न त है।
क्य : द गई एकमात्र सूचना यह है क ‘अ’ और ‘ब’ को सरल पदाथ म नह तोड़ा जा सकता। यही तत्व क
प रभाषा है, अत: ‘अ’ और ‘ब’ तत्व ह। ‘स’ दो भन्न तत्व के रासाय नक संयोजन से बना है, अत: वह यौ गक है —
और प्रत्येक यौ गक म उसके तत्व एक न त अनुपात म संयो जत होते ह, अत: ‘स’ का संघटन न त है।
वकल्प नणय कारण
(क) अस त्य ‘अ’ और ‘ब’ यौ गक नह हो सकते — यौ गक को सरल पदाथ म तोड़ा जा सकता है
(ख) अस त्य ‘स’ का यौ गक होना ठ क है, परंतु ‘ न त संघटन’ ‘स’ का है; ‘अ’ और ‘ब’ एकल तत्व ह, कोई संयोजन नह
(ग) अस त्य यह भी ‘अ’ और ‘ब’ को यौ गक मानता है, जो द गई जानकारी के वरुद्ध है
(घ) स त्य तत्व क प रभाषा और यौ गक क प रभाषा — दोन से मेल खाता है
Page 31 of 45
Page 33
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
प्र.2 अ भकथन— वायु एक मश्रण है। कारण— मश्रण तब बनता है जब दो या दो से अ धक पदाथ बना कसी
रासाय नक प रवतन के म श्रत होते ह। (क) अ भकथन और कारण दोन सत्य ह और कारण अ भकथन क
सही व्याख्या करता है। (ख) अ भकथन और कारण दोन सत्य ह परंतु कारण अ भकथन क सही व्याख्या नह
करता है। (ग) अ भकथन सत्य है परंतु कारण असत्य है। (घ) अ भकथन असत्य है परंतु कारण सत्य है।
सही उत्तर: (क) अ भकथन और कारण दोन सत्य ह और कारण अ भकथन क सही व्याख्या करता है।
क्य : अ भकथन सत्य है — वायु नाइ ोजन, ऑक्सीजन, आगन, काबन डाइऑक्साइड और जलवाष्प का समरूप
मश्रण है। कारण मश्रण क सही प रभाषा है। और कारण अ भकथन क व्याख्या भी करता है: वायु मश्रण
इसी लए है क्य क ये गैस बना कसी रासाय नक प रवतन के म श्रत ह और प्रत्येक अपने गुणधम बनाए रखती है।
वायु म उप स्थत नाइ ोजन आज भी दहन म सहायक नह है और ऑक्सीजन आज भी दहन म सहायक है, ठ क वैसे
ही जैसे वे अकेली होत । कारण जस कसौट क बात करता है, वह वायु पर पूरी उतरती है।
संकेत: अ भकथन-कारण प्रश्न म पहले दोन कथन को अलग-अलग जाँ चए, फर अलग से यह प्रश्न पू छए — क्या
कारण वास्तव म अ भकथन क व्याख्या करता है, या वह मात्र एक और सत्य तथ्य है?
प्र.3 जल ऑक्सीजन और हाइ ोजन तत्व से न मत एक यौ गक है। इसके गुणधम ऑक्सीजन और हाइ ोजन के
गुणधम से भन्न ह। इस कथन क पु ष्ट क जए।
जल के गुणधम हाइ ोजन और ऑक्सीजन के गुणधम का मेल नह ह — वे पूणतया नए ह। जब तत्व रासाय नक रूप से संयो जत
होकर यौ गक बनाते ह तो ऐसा ही होता है।
गुणधम हाइ ोजन ऑक्सीजन जल
कक्ष के तापमान पर गैस गैस दव
अवस्था
आग के पित व्यवहार ईंधन — ‘फट् ’ क ध्व न दहन म सहायक — लौ को आग बुझाता है
के साथ जलती है अ धक प्रद प्त करती है
क्या िपया जा सकता है? नह नह जीवन के िलए आवश्यक
ृ क
क्या भौितक िविध से पथ दोन तत्व ह — इन्ह तोड़ा ही नह जा सकता िकसी भी भौितक िविध से हाइडोजन और
िकया जा सकता है? ऑक्सीजन में पथृ क नही ं िकया जा सकता
Page 32 of 45
Page 34
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
ऐसा क्य होता है: जल म हाइ ोजन और ऑक्सीजन दो गैस क तरह साथ-साथ नह पड़े ह; वे 2 : 1 के न त
अनुपात म रासाय नक रूप से संयो जत ह और उनके कण इतनी प्रबलता से बँधे ह क एक नए प्रकार का कण
अ स्तत्व म आ जाता है। नया कण अथात नया पदाथ, और नए पदाथ के अपने गुणधम होते ह। य द जल केवल इन
दो गैस का मश्रण होता तो वह स्वयं भी जलता और दहन म सहायक भी होता — परंतु जल दोन का ठ क उल्टा
करता है, और इसी लए हम आग बुझाने के लए जल का उपयोग करते ह।
प्र.4 नम्न ल खत म से कसम सभी उदाहरण सही सुमे लत ह? अपने उत्तर के समथन म कारण द जए। (i) तत्व—
जल, नाइ ोजन, लोहा, वायु। (ii) समरूप मश्रण— ख नज, समुद्र जल, काँसा, वायु। (iii) शुद्ध पदाथ— काबन
डाइऑक्साइड, लोहा, ऑक्सीजन, चीनी। (iv) वषमरूप मश्रण— वायु, रेत, पीतल, गदला जल।
सही उत्तर: (iii) शुद्ध पदाथ— काबन डाइऑक्साइड, लोहा, ऑक्सीजन, चीनी।
(iii) सही क्य है: शुद्ध पदाथ म एक ही प्रकार के कण होते ह, और प्रत्येक तत्व तथा प्रत्येक यौ गक इस कसौट पर
खरा उतरता है। काबन डाइऑक्साइड और चीनी यौ गक ह; लोहा और ऑक्सीजन तत्व ह। अत: चार ही शुद्ध पदाथ
ह।
वकल्प जो उदाहरण उसे कारण
बगाड़ता है
(i) तत्व जल और वायु जल हाइ ोजन और ऑक्सीजन का यौ गक है; वायु गैस का मश्रण है। केवल नाइ ोजन
और लोहा ही तत्व ह।
(ii) समरूप खिनज ख नज मश्रण होते ही नह — अ धकांश यौ गक ह और कुछ शुद्ध तत्व। समुद्र जल,
िमश्रण काँसा और वायु अवश्य समरूप मश्रण ह।
(iii) शुद्ध पदाथ — कोई नही ं — चार तत्व अथवा यौ गक ह। यही सही समूह है।
(iv) िवषमरूप वायु और पीतल वायु समरूप मश्रण है और पीतल मश्रधातु है, जो समरूप होती है। केवल रेत और
िमश्रण गदला जल वषमरूप ह।
Page 33 of 45
Page 35
as e
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण
a g l AglaSem · NCERT Solutions
. com
emतत्व , यौ गक या
प्र.5 लोहा आद्र वायु के साथ अ भ क्रया करके आयरन ऑक्साइड बनाता है और मैग्नी शयम ऑक्सीजन म दहन के
m a s
कo gl
प ात मैग्नी शयम ऑक्साइड बनाता है। उपयुक्त अ भ क्रयाओं म स म्म लत सभी पदाथ को
मश्रण .c
em
े रूप म औ चत्य स हत वग कृत क जए।
a
l a s
ag
आयरन ऑ क्साइड . com ag
em
लोहा + आद वायु →
a s
a l क्साइड
मैग् नीिशयम + ऑक्सीजन → मैग् नीिशयमgऑ
co m
m.
पदाथ वग करण औ चत्य
m as e
.co तत्व
a g l
m
लोहा इसे और अ धक सरल पदाथ म वभा जत नह कया जा सकता; समान परमाणुओं से बना है
l a se
a g आद वायु िम श्रण नाइ ोजन, ऑक्सीजन, आगन, काबन डाइऑक्साइड और जलवाष्प एक साथ म श्रत, प्रत्येक अपने
गुणधम बनाए हुए
a s
. co—mलोहे से पूणतया भन्न agl
आयरन ऑक्साइड यौिगक लोहा और ऑक्सीजन एक न त अनुपात म रासाय नक रूप से संयो जत; इसके गुणधम — लाल-
(जंग )
s em
भूरा, भुरभुरा, चमकहीन
a
मैग्नीिशयम तत्व एक gl जसे और सरल पदाथ म नह तोड़ा जा सकता
aधातु
तत्व
co m
.
ऑक्सीजन एक अधातु जसे और सरल पदाथ म नह तोड़ा जा सकता
e m
com
मैग्नीिशयम यौिगक
g l as
मैग्नी शयम और ऑक्सीजन एक न त अनुपात म रासाय नक रूप से संयो जत; एक सफेद चूण, न
m . a
ase
ऑक्साइड चमक ली धातु जैसा न रंगहीन गैस जैसा
agl
m
ऐसा क्य होता है: दोन अ भ क्रयाओं म एक तत्व ऑक्सीजन से रासाय नक रूप से संयो जत होता है और यौ गक
a se
com l
बनता है। पहली अ भ क्रया म एक रोचक बात है — लोहा उस ऑक्सीजन और जलवाष्प से अ भ क्रया करता है जो
. a g
m
ase
संयोगवश वायु नामक मश्रण म उप स्थत ह। इसी लए लोहे म आद्र वायु म जंग लगती है, शुष्क वायु म लगभग नह ।
agl
co m
m .
m as e
.co a g l
se m
g l a
a c
m .
m a s e
e m . co agl
g l as
a
co m
m .
m ase
.co
a g l Page 34 of 45
Page 36
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
प्र.6 नम्न ल खत को ता लका 8.3 म तत्व , यौ गक या मश्रण के रूप म वग कृत क जए। काबन डाइऑक्साइड,
रेत, समुद्र जल, मैग्नी शयम ऑक्साइड, गदला जल, ऐलु म नयम, सोना, ऑक्सीजन, जंग, आयरन सल्फाइड,
ग्लूकोस, वायु, जल, फल का रस, नाइ ोजन, सो डयम क्लोराइड, सल्फर, हाइ ोजन, बे कग सोडा। इनम से शुद्ध
पदाथ क पहचान क जए एवं इन्ह नीचे सूचीबद्ध क जए।
ता लका 8.3
तत्व यौ गक मश्रण
शुद्ध पदाथ
ता लका 8.3
तत्व यौ गक मश्रण
ऐलुिमिनयम , सोना, ऑक्सीजन, काबन डाइऑक्साइड, मैग्नीिशयम ऑक्साइड, जंग, आयरन रे त, समुद ी जल , गदला
नाइटोजन, स ल्फर , हाइडोजन स ल्फाइड, ग्लूक ोस , जल , सोिडयम क्लोराइड, बेिकं ग सोडा जल , वायु, फलों का रस
शुद्ध पदाथ — सूची के सभी तत्व और सभी यौ गक:
ऐलुिमिनयम, सोना, ऑक्सीजन, नाइटोजन, सल्फर, हाइडोजन,
काबन डाइऑक्साइड, मैग् नीिशयम ऑक्साइड, जंग, आयरन सल्फाइड, ग्लूक ोस, जल, सोिडयम क्लोराइड,
बेिकं ग सोडा
— अथ त पहले दो स्तं भों के सभी 14 पदाथ।
Page 35 of 45
Page 37
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
संदेह वाले पदाथ का नणय कैसे हुआ:
जंग आयरन ऑक्साइड है — लोहा और ऑक्सीजन रासाय नक रूप से संयो जत, अत: यौ गक।
रेत मुख्यत: क्वाट् ज है परंतु उसम अन्य ख नज और कण मले रहते ह, अत: इसे मश्रण माना जाता है; इसके
कण पहचाने जा सकते ह, इस लए यह वषमरूप है।
समुद्र जल समरूप मश्रण है — जल म घुले लवण — क्य क लवण वाष्पीकरण ारा पुन: प्राप्त कया जा
सकता है।
फल के रस म जल, गूदा, शकरा और अम्ल एक साथ रहते ह, अत: यह मश्रण है।
बे कग सोडा एक ही यौ गक है। इसे बे कग पाउडर से भ्र मत न क जए, जो बे कग सोडा और टाट रक अम्ल
का ठोस-ठोस मश्रण है (ता लका 8.1)।
दव्य
शुद्ध पदाथ िमश्रण
तत्व यौिगक समरूप िवषमरूप
सोना, ऑक्सीजन जल, ग्लूक ोस वायु, समुद ी जल रे त, गदला जल
पहले पूिछए: एक पदाथ है या एक से अिधक? िफर: क्या इसे और सरल में तोड़ा जा सकता है?
द्रव्य के कसी भी नमूने को वग कृत करने वाले दो प्रश्न।
प्र.7 लौह चूण और गंधक चूण के मश्रण को गरम करने पर कौन-सा नया पदाथ बनता है और यह मूल मश्रण से कस
प्रकार भन्न होता है? अ भ क्रया का समीकरण शब्द म ल खए।
नया पदाथ आयरन सल्फाइड है, एक काला द्रव्यमान — और यह यौ गक है, जब क मूल पदाथ मश्रण था।
आयरन + सल्फर (गरम करने पर) → आयरन सल्फाइड
Page 36 of 45
Page 38
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
तुलना का बदु लोहे और सल्फर का मश्रण (प्र तदश ‘अ’) आयरन सल्फाइड (प्र तदश ‘ब’)
स्वरूप पीले चूण के बीच काले कण; दानेदार सवत्र एक समान काला, बनावट भी एक
जैस ी
चुंबक लोहा आक षत होता है और पृथक कया जा सकता है आकिषत नही ं होता
तनु हाइडोक्लोिरक अम्ल के हाइ ोजन दे ता है — गंधहीन, ‘फट् ’ क ध्व न; सल्फर पीले हाइडोजन स ल्फाइड दे ता है — सड़ े हुए
साथ ठोस के रूप म शेष अंडे जैस ी गंध
ृ क िकए जा
क्या घटक पथ हाँ, भौ तक व ध से िकसी भी भौितक िविध से नही ं
सकते है?ं
लोहे और सल्फर का अनुपात इच्छानुसार बदला जा सकता है िनिश्चत
ऐसा क्य होता है: गरम करने से दोन तत्व को वह ऊजा मलती है जो रासाय नक रूप से संयो जत होने के लए
आवश्यक है। एक बार संयो जत होने के बाद वे लोहा और सल्फर नह रहते, ब ल्क अपने गुणधम वाला एक ही नया
पदाथ बन जाते ह — इसी कारण ता लका का प्रत्येक परीक्षण भन्न प रणाम दे ता है।
प्र.8 क्या कसी पदाथ को तत्व और यौ गक दोन के रूप म वग कृत कया जा सकता है? स्पष्ट क जए क क्य
अथवा क्य नह ।
नह — कभी नह । दोन क प रभाषाएँ परस्पर एक-दूसरे को काटती ह।
तत्व यौ गक
इसे और अिधक सरल पदाथ ं में िवभािजत नही ं िकया जा सकता इसे अपने घटक तत्वों में िवभािजत िकया जा सकता है
एक ही पकार के परमाणओ
ु ं से बना दो या दो से अिधक िभन्न तत्वों के रासायिनक संयोजन से बना
अनुपात का पश्न ही नही ं — तत्व एक ही है इसके तत्व एक िनिश्चत अनुपात में संयोिजत होते है ं
ऐसा क्य होता है: कोई पदाथ तत्व ठ क तभी है जब उसे कसी सरल पदाथ म तोड़ा न जा सके। यौ गक होने के
लए उसका कम से कम दो भन्न तत्व म टू टना आवश्यक है। एक ही पदाथ एक साथ टू टने योग्य और न टू टने योग्य
नह हो सकता, अत: कोई पदाथ दोन श्रे णय म नह आ सकता। हाँ, दोन ही शुद्ध पदाथ ह — यही एक नाम है
जो दोन म साझा है।
संकेत: जल यहाँ सबसे बड़ा भ्रम है। वह एक सरल वस्तु प्रतीत होता है, परंतु क्रयाकलाप 8.3 उसे हाइ ोजन और
ऑक्सीजन म बाँट दे ता है — अत: जल यौ गक है, तत्व कदा प नह ।
Page 37 of 45
Page 39
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
प्र.9 य द जल एक यौ गक न होकर हाइ ोजन और ऑक्सीजन का मश्रण होता तो हमारा दै नक जीवन कस प्रकार
प्रभा वत होता?
तब द्रव जल होता ही नह — और इस लए जीवन भी वैसा नह होता जैसा हम जानते ह।
क्य : हाइ ोजन और ऑक्सीजन दोन कक्ष के तापमान पर गैस ह। इनका मात्र मश्रण भी गैस ही होता, क्य क
मश्रण म प्रत्येक घटक अपने गुणधम बनाए रखता है। न दयाँ, कुएँ, समुद्र और आपक बोतल का जल इसी लए ह
क्य क ये दोन तत्व रासाय नक रूप से संयो जत होकर एक बलकुल नया पदाथ बनाते ह जो द्रव है।
इसके प रणाम—
पीने, पकाने और धोने को कुछ नह होता। गैस को बतन या बोतल म नह ले जाया जा सकता।
सब कुछ अत्यंत ज्वलनशील होता। एक ईंधन (हाइ ोजन) और दहन म सहायक गैस (ऑक्सीजन) का मश्रण आग बुझाने के
स्थान पर छोट -सी चगारी से ही व ोट कर दे ता।
अनुपात बदलता रहता। मश्रण का अनुपात न त नह होता, अत: एक स्थान का ‘जल’ दूसरे स्थान के ‘जल’ जैसा न होता।
न वषा, न न दयाँ, न फसल। जल-चक्र, सचाई और कृ ष — कुछ भी संभव न होता।
जीवन ही न होता। सभी जीव का शरीर अ धकतर जल है; रक्त, वनस्प त-रस और को शका-द्रव सभी इसके द्रव होने पर
नभर ह।
क्या आप जानते ह? अध्याय क बा लका को यही बात रोचक लगती है — हाइ ोजन एक ईंधन है और ऑक्सीजन
दहन म सहयोग करती है, फर भी इनसे बना यौ गक आग बुझाता है। रासाय नक संयोजन वास्तव म एक बलकुल
नया पदाथ बना दे ता है।
Page 38 of 45
Page 40
as e
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण
a g l AglaSem · NCERT Solutions
co m
m.
चत्र 8.24 का व ेषण क जए। गैस (अ) क पहचान क जए। साथ ही रासाय नक अ भ क्रया का समीकरण
e
प्र.10
m l as
.co
शब्द म ल खए।
a g
se m
g l a
a
co m
e m . ag
g l as
a
co m
em.
m l as
.co
गैस (अ) _____ ?
a g
se m
g l a
a तनु
हाइडोक्लोिरक अम्ल
m a s
.co agl
लौह चूण
se m
g l a
a िचत्र 8.24
चत्र 8.24, पृष्ठ 132 — पुनर खत रेखा चत्र। कॉक लगी परखनली म लौह चूण एवं तनु हाइ ोक्लो रक अम्ल; गैस
co m
m .
e
नकास-नली से बाहर नकलती है।
m l as
.co a g
a s em
agl उत्तर
चत्र 8.24 म एक परखनली म रखे लौह चूण पर तनु हाइ ोक्लो रक अम्ल डाला गया है और ऊपर लगी नली से एक गैस नकल
se m
com g l a
. a
रही है। वह गैस हाइ ोजन है।
m
ase
आयरन + तनु हाइडोक्लोिरक अम्ल → agl आयरन क्लोराइड + हाइडोजन गैस
c o m
.
m8.5 म प्र तदश ‘अ’ पर क
यह हाइ ोजन है, यह कैसे जाना: यह ठ क वही अ भ क्रया है जो आपने क्रयाकलाप
s e
m glaमोमबत्ती लाने पर ‘फट्’ क ध्व न
.cथी।o वहाँ मुक्त हुई गैस रंगहीन और गंधहीन थी और परखनली के मुख पर aजलती
se m के साथ जली — यही हाइ ोजन क मानक जाँच है।
g l a
a c
m .
m a s e
agl
स्वयं जाँ चए: य द परखनली म साधारण लौह चूण के स्थान पर आयरन सल्फाइड होता तो गैस हाइ ोजन सल्फाइड
. co
m
होती, जसे उसक सड़े हुए अंडे जैसी गंध से तुरंत पहचाना जा सकता है। केवल गंध क जाँच ही दोन अ भ क्रयाओं
as e
g l
म अंतर बता दे ती है।
a
co m
m .
m ase
.co
a g l Page 39 of 45
Page 41
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
प्र.11 मात्र अधातुओं से न मत कन्ह दो यौ गक के नाम ल खए और प्रत्येक के दो उपयोग का उल्लेख भी क जए।
ऐसे दो यौ गक ह जल (हाइ ोजन और ऑक्सीजन) तथा काबन डाइऑक्साइड (काबन और ऑक्सीजन)। हाइ ोजन, ऑक्सीजन
और काबन — तीन अधातुएँ ह, जैसा अध्याय बताता है।
यौ गक इसम वद्यमान अधातुए ँ दो उपयोग
जल हाइ ोजन, ऑक्सीजन 1. पत्येक घर में पीने, पकाने और धोने के िलए।
2. फसलों की िसंचाई; उ ोगों में शीतलक तथा िवलायक के रूप में भी।
काबन डाइऑक्साइड काबन, ऑक्सीजन 1. अिग्नशामक यंत्र ों में भरने के िलए , क्योंिक यह दहन में सहायक नही ं है।
2. वाितत पेय (सोडा जल ) बनाने में; पौधे भी इससे अपना भोजन बनाते है।
ं
एक और अच्छा उदाहरण: ग्लूकोस (काबन, हाइ ोजन और ऑक्सीजन) — शरीर के लए ऊजा का शीघ्र ोत,
तथा औष धय और रो गय को द जाने वाली प म उपयोगी।
प्र.12 सोने को ख नज और धातु दोन के रूप म कैसे वग कृत कया जा सकता है?
सोना दोन नाम पर खरा उतरता है क्य क ये दो शब्द दो भन्न प्रश्न का उत्तर दे ते ह — यह कहाँ से आता है? और यह कस प्रकार
का तत्व है?
इसे कहते क्य क
ह
खिनज यह पथ्ृ वी में पाया जाने वाला पाकृ ितक ठोस पदाथ है िजसका रासायिनक संघ टन िनिश्चत है। सोना उन मूल खिनजों में से एक है
जो यौिगक नही ं अिपतु शुद्ध तत्व होते है।
ं
धातु तत्व के रूप में यह धातुओं के वग में आता है, चाँद ी, मैग्नीिशयम , लोहा और ऐलुिमिनयम के साथ — यह चमकीला और भारी है
तथा पीटकर आकार िदया जा सकता है।
ऐसा क्य होता है: अ धकांश ख नज एक से अ धक तत्व से न मत यौ गक होते ह — क्वाट् ज, कैल्साइट, अभ्रक,
पाइरॉक्सीन और ओलीवाइन। कुछ ख नज पृथ्वी म पहले से ही अपने शुद्ध तत्व रूप म मलते ह; इन्ह मूल ख नज
कहते ह और ये सोना, चाँद , ताँबा जैसी धातुएँ अथवा सल्फर, काबन जैसी अधातुएँ हो सकते ह। सोना ऐसे तत्व का
सबसे प्र सद्ध उदाहरण है जसे हम सीधे भू म से नकालते ह।
Page 40 of 45
Page 42
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
संकेत: ‘ख नज’ ोत और संघटन बताता है; ‘धातु’ तत्व के गुणधम बताती है। चाँद और ताँबे को भी दोन प्रकार से
वग कृत कया जा सकता है।
खोज, अ भक ल्पत कर और चचा कर — पृष्ठ 133
व ान • समाज • अंतर वषयक प रयोजनाएँ
खोज, अ भक ल्पत कर और चचा कर प रयोजनाएँ
प्र.1 दै नक जीवन म तत्व , यौ गक एवं मश्रण के अनेक उदाहरण आपने दे खे ह। इन उदाहरण का उपयोग करते हुए
इन तीन के मध्य अंतर को स्पष्ट करने हेतु चत्र क सहायता से कॉ मक स् प क रचना क जए तथा उनके
गुणधम तथा उपयोग को स्पष्ट क जए।
कॉ मक स् प को एक ही कहानी के चार ओर बु नए, तीन अलग-अलग कहा नय म नह — अंतर इसी से उभरता है।
अच्छ कॉ मक स् प म होना चा हए:
तीन पात्र, प्रत्येक श्रेणी का एक, और उनके कण बने हुए: तत्व के समान वृत्त, यौ गक के दो प्रकार के जुड़े वृत्त, मश्रण के दो
प्रकार के पृथक वृत्त;
प्रत्येक का कम से कम एक वास्त वक उदाहरण आपके अपने घर से;
एक-एक गुणधम जो उन्ह पहचानवा दे — चुंबक, छानना, गरम करने पर रंग बदलना;
प्रत्येक का दै नक जीवन म एक उपयोग;
अं तम े म म वह नयम जो पाठक याद रखे।
नमूना स् प (छह े म):
1. रसोई। मीरा स्ट ल का चम्मच, नमक का पैकेट और अंकु रत सलाद का कटोरा उठाती है। "तीन — क्या ये एक ही प्रकार क
वस्तु ह?"
2. सलाद बोलता है: "दे खो, तुम मुझम मूँग, चना, प्याज और टमाटर अलग-अलग पहचान सकती हो। म मश्रण ँ — यहाँ हर
कोई अपना स्वाद बनाए रखता है और तुम हम अलग भी कर सकती हो।"
3. नमक बोलता है: "म सो डयम, एक नरम धातु, और क्लोरीन, एक हा नकारक गैस, से 1 : 1 अनुपात म बना ँ। म यौ गक ँ
— और खाने योग्य ँ, जो इन दोन म से कोई नह है। मुझे छलनी से अलग करके तो दखाओ!"
4. चम्मच बोलता है: "सावधान — म स्टे नलेस स्ट ल ँ, अथात लोहा, नकेल, क्रो मयम और थोड़ा काबन। म एक ही पदाथ जैसा
दखता ँ, परंतु ँ समरूप मश्रण, एक मश्रधातु।"
5. मीरा क माँ क अँगूठ से सोना आता है: "म तत्व ँ। मुझे जतना चाहो तोड़ो — मलेगा सोना ही।"
6. नयम वाला े म: "क्या इसे भौ तक व ध से पृथक कर सकते ह? तो यह मश्रण है। य द नह — तो क्या इसे और सरल
पदाथ म तोड़ा जा सकता है? हाँ तो यौ गक, नह तो तत्व।"
संकेत: प्रत्येक े म म कण एक ही शैली म बनाइए। पाठक शब्द भूल जाते ह, कण का चत्र बहुत दे र तक याद रहता
है।
Page 41 of 45
Page 43
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
प्र.2 कुछ तत्व (जैसे — फॉ ोरस, सो डयम), यौ गक (जैसे — पे न स लन) और मश्रण (जैसे — पीतल, काँसा,
स्टे नलेस स्ट ल) के आ वष्कार के वषय म खोज क जए। अपनी खोज के प रणाम को कक्षा म प्रस्तुत क जए।
खोज को चार प्रश्न के क्रम म बाँ धए ता क प्रस्तु त का एक आकार बने: कसने खोजा, कब, कैसे खोजा और वह क्य महत्वपूण
थी।
पदाथ प्रकार प्रस्तु त योग्य बदु
फॉस्फोरस तत्व सत्रहव शताब्द म एक रसायनज्ञ को सोना बनाने क खोज के दौरान मूत्र को औटाते हुए मला; यह अँधेरे
म चमकता था, और इसी से इसका नाम पड़ा। अनेक खोज संयोग से हुईं — यह उसका उदाहरण है।
सोिडयम तत्व उन्नीसव शताब्द के आरंभ म पघले हुए यौ गक म वद्युत प्रवा हत कर प्राप्त कया गया — वही वचार
जो आपने क्रयाकलाप 8.3 म जल पर लगाया। वद्युत यौ गक को खोलने का साधन बन गई।
पेिनिसिलन यौिगक तब दे खा गया जब एक फफूँद संयोगवश जीवाणुओं क प्लेट पर आ गई और उन्ह मार डाला। यह पहला
व्यापक रूप से प्रयुक्त प्र तजै वक बना और इसने लाख जीवन बचाए।
काँस ा िम श्रण ताँबा और टन। इतना महत्वपूण क एक पूरे युग का नाम ही इस पर है। भारत म यह काँस्य है, जसे
(िम श्रधातु) चरकसं हता ताँबा (4 भाग) और टन (1 भाग) के रूप म व णत करती है।
पीतल िम श्रण ताँबा और जस्ता — सुनहरा, आसानी से ढलने वाला, और आज भी लोटे , घं टय तथा दरवाज क मूठ
(िम श्रधातु) क पसंद दा धातु।
स्टेनले स िम श्रण लोहा, नकेल, क्रो मयम और थोड़ा काबन। ऐसा स्ट ल खोजते हुए बना जसम बंदूक क नली म जंग न
स्टील (िम श्रधातु) लगे; यह शुद्ध लोहे से अ धक सुदृढ़ और टकाऊ है।
संकेत: प्रस्तु त का अंत सूची से नह , एक पैटन से क जए: तत्व अ धकतर वस्तुओं को तोड़ते हुए खोजे गए, यौ गक
कसी प्रभाव को दे खकर उसके कारण का पीछा करते हुए, और मश्रधातुएँ बेहतर औजार बनाने का प्रयास करते
श ल्पय ारा।
प्र.3 आइए ढूँ ढ़— अपमाजक या अल्पाहार जैसी वस्तुओं पर लगे लेबल प ढ़ए और उनम वद्यमान मश्रण और
यौ गक को सूचीबद्ध करने का प्रयास क जए।
पैकेट को प्रकाश म ले जाकर ‘साम ी’ वाली पं क्त प ढ़ए। फर प्रत्येक नाम पर यह प्रश्न लगाइए: क्या यह एक पदाथ है या अनेक
का मश्रण?
नमूना उत्तर — बस्कुट का एक पैकेट और अपमाजक का एक पैकेट:
Page 42 of 45
Page 44
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
वस्तु लेबल पर लखा नाम यौ गक या मश्रण
िबस्कु ट चीनी यौिगक
नमक (सो डयम क्लोराइड) यौिगक
बे कग सोडा यौिगक
फुलाने वाला पदाथ (बे कग पाउडर) िम श्रण — बेिकं ग सोडा और टाटिरक अम्ल
गे ँ का आटा, खाद्य वनस्प त तेल, दुग्ध ठोस िम श्रण
बस्कुट स्वयं िम श्रण
अपमाजक सो डयम काब नेट (धावन सोडा) यौिगक
सो डयम क्लोराइड यौिगक
सुगंध, रंग, उज्ज्वलक िम श्रण
अपमाजक चूण स्वयं िम श्रण
यह अभ्यास क्या सखाता है: आप जो भी पैक क हुई वस्तु खरीदते ह वह मश्रण ही होती है, चाहे पैकेट के
सामने ‘शुद्ध’ कतना ही बड़ा लखा हो। पीछे सूचीबद्ध अलग-अलग साम याँ ही शुद्ध पदाथ ह — और वे लगभग
सदै व यौ गक होती ह, क्य क रोजमरा क वस्तुओं म मुक्त तत्व वरल ह।
संकेत: लेबल पर प्र तशत या ‘इससे अ धक नह ’ जैसी संख्या खो जए। यौ गक का संघटन न त होता है, अत:
छपा हुआ अनुपात इस बात का संकेत है क आप मश्रण के वषय म पढ़ रहे ह।
प्र.4 समूह म काय क जए— एक ना टका का मंचन क जए जसम वद्या थय का प्रत्येक समूह कसी तत्व, यौ गक
या मश्रण क भू मका का नवाह करेगा। चचा क जए क इनम से कौन-सी श्रेणी सबसे महत्वपूण है।
सच्चा उत्तर यह है क कोई एक श्रेणी जीत नह सकती — परंतु चचा करने योग्य है, क्य क प्रत्येक पक्ष को जो तक गढ़ने पड़ते ह वे
स्वयं यह अध्याय ही ह। नारा नह , तक तैयार क जए।
Page 43 of 45
Page 45
as e
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण
a g l AglaSem · NCERT Solutions
co m
m.
समूह सबसे सशक्त तक
o m l a se
c िमिनयम तु हारे पुल, भवन और वाहन बनाते है;ं एक ही मोबाइल फोन में हममें से 45 से अिधक
और.ऐलु a gलगते है।ं "
तत्व "हम सम स्त द व्य के िनम ण खंड है।
ं हम मात्र 118 है ं और शेष सब कु छ — पत्येक यौिगक , पत्येक िम श्रण — हमी ं से बना है। लोहा
se m
gla
म्
aयौिगक "अके ला तत्व पाय: या तो अनुपयोगी होता है या खतरनाक। सोिडयम नरम धातु है और क्लोरीन हािनकारक गैस , परंत ु िमलकर हम
वही नमक है ं जो तुम्हारे जीवन के िलए आवश्यक है। हम ही वे दवाइयाँ, वैक्सीन और उवरक है ं जो बढ़ ती जनसंख्या का पोषण करते है ं
co m
ag
— और हम ही जल है। ं "
m .
l a se
agएँ शु लोहे से अिधक सुदृढ़ और िटकाऊ है ं — और हमें बदला भी जा सकता है, योंिक
िमश्रण "तुम िकसी तत्व में साँस नही ं ले ते; तुम वायु में साँस ले ते हो। तुम शुद्ध लोहे से नगर नही ं बनाते; तुम स्टील , कं क्रीट और लकड़ ी से
बनाते हो। टेनले स टील जैस ी िम धातु
स् स् श्र द्ध क्
हमारा अनुपात िनिश्चत नही ं है। "
co m
se
नमूना समापन वक्तव्य (संचालक के लए): "तत्व वणमाला ह, यौ गक शब्द ह और मश्रण वे वाक्य ह जो हम वास्तव म बोलते
m.
o m l a
gकाय के लए कौन आवश्यक है —
साँस लेने को.c
ह। तत्व हटा द जए तो बनाने को कुछ नह बचता; यौ गक हटा द जए तो न जल रहेगा, न नमक, न औष ध; मश्रण हटा द जए तो
m a
sयहीe जानना इस अध्याय ने हम सखाया है।"
वायु ही नह रहेगी। प्रश्न यह नह क कौन सबसे महत्वपूण है, ब ल्क यह क कस
l a
ag
और
m a s
.co agl
संकेत: चचा का मूल्यांकन आवाज क ऊँचाई से नह , प्रमाण से क जए। प्रत्येक दावा अध्याय क कसी बात क
se m
ओर संकेत करना चा हए — जल का वद्युत अपघटन, लोहा-सल्फर क्रयाकलाप, चूने का जल, मश्रधातुएँ अथवा
ख नज।
g l a
a
co m
m .
m as e
.co a g l
a s em
अध्याय — एक नज़र म
agl मश्रण तब बनता है जब दो या दो से अ धक पदाथ एक साथ म श्रत होते ह, प्रत्येक पदाथ अपने गुणधम बनाए रखता है और
वे परस्पर रासाय नक अ भ क्रया नह करते। मश्रण बनाने वाले पदाथ उसके घटक कहलाते ह।
se m
com g l a
.
जस मश्रण के घटक समान रूप से वत रत ह और सूक्ष्मदश से भी पृथक न दख, वह समरूप है (वायु, जल म चीनी,
e m a
asह और उसे कसी भी भौ तक प्र क्रया ारा अन्य प्रकार के द्रव्य म पृथक नह कया
मश्रधातु); जसके घटक नग्न आँख या आवधक यंत्र से दखाई द, वह वषमरूप है (अंकु रत सलाद, रेत और जल)।
शुद्ध पदाथ म एक ही प्रकार के कण lहोते
a g
जा सकता। प्रत्येक शुद्ध पदाथ या तो तत्व होता है अथवा यौ गक।
co m
तत्व को और अ धक सरल पदाथ म वभा जत नह कया जा सकता। प्रत्येक तत्व समान परमाणुओं से बना होता है; दो या
m .
se
दो से अ धक परमाणु मलकर अणु बनाते ह। वतमान म 118 तत्व ज्ञात ह — अ धकांश ठोस, ग्यारह गैसीय, और कक्ष के
o m l a
.cयौ गक तब बनता है जब भन्न- भन्न तत्व एक न त अनुपात म रासाय नकaरूपg से संयो जत होते ह। यौ गक के गुणधम
तापमान पर केवल पारा तथा ोमीन द्रव ह।
se m उसके घटक तत्व से पूणतया भन्न होते ह और घटक तत्व को कसी भी भौ तक व ध ारा पृथक नह कया जा सकता।
g l a
a c
.
ख नज पृथ्वी पर पाए जाने वाले प्राकृ तक ठोस पदाथ ह जनका संघटन न त होता है — अ धकांशत: यौ गक (क्वाट् ज,
s e m
m a
कैल्साइट, अभ्रक), परंतु कुछ मूल ख नज, जैसे सोना और सल्फर, शुद्ध तत्व होते ह।
e m . co agl
g l as
a
co m
m .
m as e
.co
a g l Page 44 of 45
Page 46
कक्षा 8 वज्ञान अध्याय 8 द्रव्य क प्रकृ त : तत्व, यौ गक और मश्रण AglaSem · NCERT Solutions
त्व रत पुनरावृ त्त
शब्द अथ पहचान कैसे कर अध्याय से उदाहरण
मश्रण दो या दो से अिधक पदाथ एक साथ िमिश्रत; घटक को भौ तक व ध से पृथक पोहा, अंकु रत सलाद, वायु, समुद्र जल
पत्येक अपने ग ण
ु धम बनाए रखता है, कोई कया जा सकता है; संघटन बदल
रासायिनक अिभिक्रया नही ं सकता है
घटक ृ क पदाथ
िमश्रण बनाने वाला पत्येक पथ मश्रण के भीतर भी वह स्वयं ही अंकु रत सलाद म मूँग, चना, प्याज,
बना रहता है टमाटर
समरूप घटक समान रूप से िवतिरत; सूक्ष्म दश से भी सवत्र एक जैसा दखाई दे ता है जल म चीनी, वायु, पीतल, काँसा,
मश्रण भेद नही ं िकया जा सकता स्टे नलेस स्ट ल
वषमरूप घटक नग्न आँखों या आवधक यंत्र से िदखाई अलग-अलग कण क ओर उँ गली अंकु रत सलाद, रेत और जल, गदला
मश्रण दे ते है ं रखी जा सकती है जल
मश्रधातु धातुओ ं (और कभी-कभी थोड़े काबन) का एक ही धातु जैसा दखता है, परंतु है पीतल (ताँबा + जस्ता), काँसा (ताँबा +
समरूप िमश्रण मश्रण टन), स्टे नलेस स्ट ल
शुद्ध पदाथ वह द व्य िजसमें एक ही पकार के कण हों कसी भी भौ तक प्र क्रया ारा ऑक्सीजन, लोहा, जल, सो डयम
अन्य प्रकार के द्रव्य म पृथक नह क्लोराइड, चीनी
कया जा सकता
तत्व वह पदाथ िजसे और अिधक सरल पदाथ ं में समान परमाणुओं से बना; द्रव्य का हाइ ोजन, ऑक्सीजन, सोना, चाँद ,
िवभािजत नही ं िकया जा सकता नमाण खंड सल्फर, काबन
परमाणु वह समान कण िजससे कोई तत्व बना होता है हर दूसरे तत्व के कण से भन्न हाइ ोजन का परमाणु; ऑक्सीजन का
परमाणु
अणु दो या दो से अिधक परमाणओ
ु ं के िमलने से हाइ ोजन के दो परमाणु मलकर हाइ ोजन का अणु; ऑक्सीजन का
बना स्थायी कण एक अणु बनाते ह ( चत्र 8.10) अणु
यौ गक िभन्न तत्व एक िनिश्चत अनुपात में रासायिनक नए गुणधम; तत्व को भौ तक व ध जल (हाइ ोजन : ऑक्सीजन = 2 : 1),
रूप से संयोिजत से पृथक नह कया जा सकता सो डयम क्लोराइड (1 : 1), आयरन
सल्फाइड, चीनी
धातु / अधातु तत्वों के दो मुख्य वग तथा उनके मध्यवत वग सोना, लोहा धातु; काबन, सल्फर स लकॉन और बोरॉन म दोन के
/ उपधातु अधातु; स लकॉन, बोरॉन उपधातु मध्यवत गुणधम होते ह
ख नज पथ्ृ वी पर पाया जाने वाला पाकृ ितक ठोस अ धकांशत: यौ गक; मूल ख नज क्वाट् ज, कैल्साइट, अभ्रक,
पदाथ िजसका रासायिनक संघ टन िनिश्चत शुद्ध तत्व होता है पाइरॉक्सीन, ओलीवाइन, टै ल्क; सोना
हो और सल्फर मूल ख नज ह
Page 45 of 45