aglasem.com
Home Schools Admission Career Mock Test PDF Docs Playground
ClassChoose class
StateSelect state

NCERT Solutions for Class 10 Hindi (स्पर्श) मधुर मधुर मेरे दीपक जले [Old Book]

Get here NCERT Solutions for Class 10 Hindi (स्पर्श) मधुर मधुर मेरे दीपक जले [Old Book]. More Detail
NCERT Solutions for Class 10 Hindi (स्पर्श) मधुर मधुर मेरे दीपक जले [Old Book] - Page 1 of 6

About NCERT Solutions for Class 10 Hindi (स्पर्श) मधुर मधुर मेरे दीपक जले [Old Book]

NCERT Solutions for Class 10 Hindi (स्पर्श) मधुर मधुर मेरे दीपक जले [Old Book] is available here for free download. Published by NCERT for Class 10, this solution can be viewed online or downloaded as a PDF (6 pages). Candidates preparing for Class 10 can use NCERT Solutions for Class 10 Hindi (स्पर्श) मधुर मधुर मेरे दीपक जले [Old Book] to understand the exam pattern, the type of questions asked, and the overall difficulty level.

Frequently Asked Questions

How can I download NCERT Solutions for Class 10 Hindi (स्पर्श) मधुर मधुर मेरे दीपक जले [Old Book]?

Open this page and click the Download button to save NCERT Solutions for Class 10 Hindi (स्पर्श) मधुर मधुर मेरे दीपक जले [Old Book] as a PDF. It is completely free on AglaSem Docs.

Is NCERT Solutions for Class 10 Hindi (स्पर्श) मधुर मधुर मेरे दीपक जले [Old Book] free to download?

Yes. NCERT Solutions for Class 10 Hindi (स्पर्श) मधुर मधुर मेरे दीपक जले [Old Book] can be viewed online and downloaded as a PDF free of cost on AglaSem Docs.

How many pages does NCERT Solutions for Class 10 Hindi (स्पर्श) मधुर मधुर मेरे दीपक जले [Old Book] have?

NCERT Solutions for Class 10 Hindi (स्पर्श) मधुर मधुर मेरे दीपक जले [Old Book] contains 6 pages, which you can read online or download together as a single PDF.

Where can I find more Class 10 study material?

You can find more Class 10 question papers, sample papers, syllabus, and answer keys on AglaSem Docs.

NCERT Solutions for Class 10 Hindi (स्पर्श) मधुर मधुर मेरे दीपक जले [Old Book] – Text

Read the full text of this solution below — useful to quickly search, copy and reference the content online without downloading the PDF.

📄 View text version (6 pages)

Page 1

NCERT
SOLUTIONS
CLASS - 10th

aglase .co

Page 2

Book : Sparsh Ncert Solutions | Chapter - 6 Hindi

Class : 10th

Subject : हंद

Chapter : 6

Chapter Name : मधरु -मधरु मेरे द पक जल

(क) न न ल खत न के उ र द िजए -

Q. 1. तत
ु क वता म 'द पक' और ' यतम' कसके तीक ह?

Answer – तत
ु क वता म द पक आ था का और यतम ई वर का तीक ह |

Page: 34, Block Name: न न ल खत न के उ र द िजए

Q. 2. द पक से कस बात का आ ह कया जा रहा है और य ?

Answer – द पक से नरं तर जलते रहने का आ ह कया जा रहा है चाहे कोई भी प रि थ त सामने हो |
द पक अथात ई वर के त आ था य द बनी रहे गी तभी ई वर तक जाने का माग मलेगा |

Page: 34, Block Name: न न ल खत न के उ र द िजए

Q. 3. ' व व-शलभ' द पक के साथ य जल जाना चाहता है ?

Answer – व व-शलभ द पक के साथ जलकर अपने ान पी काश को संसार म फैलाना चाहता ह |

Page: 34, Block Name: न न ल खत न के उ र द िजए

Q. 4. आपक ि ट म 'मधरु मधरु मेरे द पक जल' क वता का स दय इनम से कस पर नभर है −

(क) श द क आव ृ पर।

(ख) सफल बंब अंकन पर।

Answer – क वता का स दय श द क आव ृ और सफल बंब अंकन दोन पर नभर करता ह | श द
क आव ृ से क वता म लया मकता आती है तथा सफल बंब अंकन से क वता म भाव आते ह |

Page: 34, Block Name: न न ल खत न के उ र द िजए

Q. 5. कव य ी कसका पथ आलो कत करना चाह रह ह?

Page 1 of 5

Page 3

Book : Sparsh Ncert Solutions | Chapter - 6 Hindi

Answer – कव य ी अपनी आ था पी द पक से अपने यतम ई वर का पथ आलो कत करना चाह
रह ह|

Page: 34, Block Name: न न ल खत न के उ र द िजए

Q. 6. कव य ी को आकाश के तारे नेहह न से य तीत हो रहे ह?

Answer – आकाश म असं य तारे है उनका अपना काश होता ह | तारे अपने काश से संसार को
का शत नह ं कर पाते ह इस लए कव य ी को ये नेहह न तीत हो रहे ह |

Page: 34, Block Name: न न ल खत न के उ र द िजए

Q. 7. पतंगा अपने ोभ को कस कार य त कर रहा है ?

Answer – पतंगा अपना सर पीटते हुए पछताता है क वह द पक के साथ मलकर जल नह ं पाया |

Page: 34, Block Name: न न ल खत न के उ र द िजए

Q. 8. कव य ी ने द पक को हर बार अलग-अलग तरह से 'मधरु -मधरु , पल
ु क-पल
ु क, सहर- सहर और
वहँस- वहँस’ जलने को य कहा है ? प ट क िजए।

Answer – क व य ी चाहती है क आ था पी द पक हर प रि थ त म जलता रहे | इस लए क व य ी
ने द पक को हर बार अलग-अलग तरह से जैसे मधरु मतलब ेम से, पल
ु क मतलब रोमांच से, सहर
मतलब काँपते हुए और वहँस मतलब स नता से जलते रहने के लए कहा ह |

Page: 34, Block Name: न न ल खत न के उ र द िजए

Q. 9. नीचे द गई का य-पंि तय को प ढ़ए और न के उ र द िजए −

जलते नभ म दे ख असं यक,

नेहह न नत कतने द पक;

जलमय सागर का उर जलता,

व यत
ु ले घरता है बादल!

वहँस वहँस मेरे द पक जल!

(​क) '​ नेहह न द पक' ​से या ता पय है ?

(​ख) स
​ ागर को '​जलमय' क
​ हने का या अ भ ाय है और उसका दय य जलता है ?

Page 2 of 5

Page 4

Book : Sparsh Ncert Solutions | Chapter - 6 Hindi

(​ग) ब
​ ादल क या वशेषता बताई गई है ?

(​घ) क
​ व य ी द पक को '​ वहँस वहँस' ज
​ लने के लए य कह रह ह?

Answer –

(क) नेहह न द पक तार को कहा गया ह | नेहह न द पक अथात िजनके दय म दस
ू र के लए कोई
भाव न हो |

(ख) सागर को जलमय इस लए कहा है य क ये जल से हमेशा भरे रहते ह | ले कन सागर कसी क
यास नह ं बझ
ु ा पाते ह जब क बादल थोड़े पानी म भी सबको त ृ त कर दे ते ह | ये दे खकर सागर का दय
जलता ह |

(ग) बादल परोपकार होते ह य क ये अथाह पानी और बजल से भरे होते ह |

(घ) कव य ी द पक को हँसते-हँसते जलने के लए इस लए कहती ह ता क ई वर तक जाने का ान पी
माग हमेशा काशमान रहे |

Page: 34, Block Name: न न ल खत न के उ र द िजए

Q. 10. या मीराबाई और आधु नक मीरा 'महादे वी वमा' इन दोन ने अपने-अपने आरा य दे व से मलने
क लए जो यिु तयाँ अपनाई ह, उनम आपको कुछ समानता या अतंर तीत होता है ? अपने वचार
कट क िजए?

Answer – मीरा ीकृ ण क भ त थी और हमेशा उनक भि त म ह ल न रहती थी | मीरा वयं को
कृ ण क दासी मानती थी | महादे वी अपने ई वर को अपना यतम मानती ह और अपनी आ था और
ान पी माग से ई वर तक पहुँचना चाहती ह |

Page: 34, Block Name: न न ल खत न के उ र द िजए

(ख) न न ल खत का भाव प ट क िजए -

Q. 1. दे काश का संधु अप र मत,

तेरे जीवन का अणु गल गल!

Answer – क व य ी चाहती है क आ था पी द पक अपने जीवन के हर अणु को जला दे अथात अपना
सबकुछ यौछावर कर दे | वह द पक को अपने हर अणु को जलाकर सागर क तरह असी मत काश
फ़ैलाने को कहती ह |

Page: 34, Block Name: न न ल खत का भाव प ट क िजए -

Page 3 of 5

Page 5

Book : Sparsh Ncert Solutions | Chapter - 6 Hindi

Q. 2. यग
ु -​यग
ु त दन त ण तपल,

यतम का पथ आलो कत कर!

Answer – क​ व य ी चाहती है क आ था पी द पक यग ु -यग
ु तक हर समय, हर पल जलता रहे और
उनके यतम अथात ई वर तक पहुँचने के माग को हमेशा आलो कत करता रहे | ई वर के त जो
आ था है वह उसे ख म नह ं होने दे ना चाहती ह |

Page: 35, Block Name: न न ल खत का भाव प ट क िजए -

Q. 3. मद
ृ ल
ु मोम सा घल
ु रे मद
ृ ु तन!

Answer – मद
ृ ल
ु तन को मोम क तरह जलकर पघलना होगा तभी ई वर तक पहुँचना संभव ह |

Page: 35, Block Name: न न ल खत का भाव प ट क िजए –

भाषा अ ययन

Q. 1. क वता म जब एक श द बार-बार आता है और वह योजक च ह वारा जड़ ु ा होता है , तो वहाँ
पन
ु ि त काश अलंकार होता है ; जैसे - पल
ु क-पल
ु क | इसी कार के कुछ और श द खोिजए िजनम यह
अलंकार हो |

Answer - मधरु -मधरु , यग
ु -यग
ु , गल-गल , सहर- सहर और वहँस- वहँस |

Page: 35, Block Name: भाषा अ ययन

यो यता व तार

Q. 1. इस क वता म जो भाव आए ह, उ ह ं भाव पर आधा रत कव य ी वारा र चत कुछ अ य
क वताओं का अ ययन कर ; जैसे -

(क) म नीर भर दख
ु क बदल

(ख) जो तम
ु आ जाते एकबार

ये सभी क वताएँ 'सि धनी' म संक लत ह |

Answer - छा वयं कर |

Page: 35, Block Name: यो यता व तार

Q. 2. इस क वता को कंठ थ कर तथा क ा म संगीतमय तु त कर |

Page 4 of 5

Page 6

Book : Sparsh Ncert Solutions | Chapter - 6 Hindi

Answer - छा वयं कर |

Page: 35, Block Name: यो यता व तार

Q. 3. महादे वी वमा को आधु नक मीरा कहा जाता है | इस वषय पर जानकार ा त क िजए |

Answer - छा वयं कर |

Page: 35, Block Name: यो यता व तार

Page 5 of 5

Document Details

Board / OrgNCERT
ExamClass 10
TypeSolution
Pages6
Languagehindi
Updated11 Aug 2026