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HBSE Class 11 Sample Paper 2026 Answers Hindi Elective

Get here HBSE Class 11 Sample Paper 2026 Answers Hindi Elective. These are marking scheme / answer key for the latest Haryana Board Sample Papers 2026. HBSE Class 11 Hindi Elective Sample Paper 2026 Answers are given below. More Detail
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About HBSE Class 11 Sample Paper 2026 Answers Hindi Elective

HBSE Class 11 Sample Paper 2026 Answers Hindi Elective is available here for free download. Published by Haryana Board for Class 11, this answer key can be viewed online or downloaded as a PDF (4 pages). Candidates preparing for Class 11 can use HBSE Class 11 Sample Paper 2026 Answers Hindi Elective to understand the exam pattern, the type of questions asked, and the overall difficulty level.

Frequently Asked Questions

How can I download HBSE Class 11 Sample Paper 2026 Answers Hindi Elective?

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Is HBSE Class 11 Sample Paper 2026 Answers Hindi Elective free to download?

Yes. HBSE Class 11 Sample Paper 2026 Answers Hindi Elective can be viewed online and downloaded as a PDF free of cost on AglaSem Docs.

How many pages does HBSE Class 11 Sample Paper 2026 Answers Hindi Elective have?

HBSE Class 11 Sample Paper 2026 Answers Hindi Elective contains 4 pages, which you can read online or download together as a single PDF.

Where can I find more Class 11 study material?

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HBSE Class 11 Sample Paper 2026 Answers Hindi Elective – Text

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Page 1

अ यंत गोपनीय के वल आंत रक एवं सी मत योग हेतु
वषय हद (ऐ क)
क ा – यारहव

1. परी ा थय के सही और उ चत आकलन के लए उ र पु तका का मू यांकन एक मह वपूण या
है। मू यांकन म एक छोट -सी ु ट भी गंभीर सम या को ज म दे सकती है, जो परी ा थय के भ व य,
श ा णाली और अ यापन- व ा को भी भा वत कर सकती है। इससे बचने के लए अनुरोध कया
जाता है क मू यांकन ारंभ करने से पूव ही आप मू यांकन नदश को पढ़ और समझ ल।
2. यो यता आधा रत का मू यांकन करते समय कृ पया दए गए उतर को समझे, भले ही उ र मा कग
क म म न हो, छा को उनक यो यता के आधार पर अंक दए जाने चा हए।
3. अंक योजना म उ र के लए के वल सुझाए गए मान ब होते ह। ये के वल दशा- नदश क कृ त के ह
और पूण नह ह। य द परी ा थय क अ भ सही है तो उसके अनुसार नयत अंक दए जाने चा हए।
4. परी क सही उ र पर सही का च () लगाएँ और गलत उतर पर गलत का () मू यांकनकता ारा ये
च न लगाने से ऐसा समझ म आता है क उ र सही है, परंतु उस पर अंक नह दए गए।
5. य द कसी के उपभाग हो तो कृ पया के उपभाग के उ र पर दायी ओर अंक दए जाएँ। बाद म
इन उपभाग के अंक का योग बायाँ और के हा शये म लखकर उसे गोलाकृ त कर दया जाए।
6. य द कसी के कोई उपभाग न हो तो बाय ओर के हा शये म अंक दए जाएँ और उ ह गोलाकृ त कया
7. य द परी ाथ ने कसी का उ र दो ान पर लख दया है और कसी को काटा नह है तो जस
उ र पर अ धक अंक ा त हो रहे हो, उस पर अंक द और सरे को काट द। य द परी ाथ ने अ त र
/ का उ र दे दया है तो जन उ र पर अ धक अंक ा त हो रहे हो, उ ह ही वीकार करे, उ ह
पर अंक है।
8. एक ही कार क अशु बार-बार हो तो उसे अनदे खा कर और उस पर हर बार अंक न काटे जाएँ।
9. यहाँ यह यान रखना होगा क मू यांकन म पूण अंक पैमाना 0-80 (उदाहरण 0-80 अंक जैसा क म
दया गया है) का योग अभी है, अथात परी ाथ ने य द सभी अपे त उ र- ब का उ लेख कया
है तो उसे पूरे अंक दे ने म संकोच न कर।
10. ये सु न त कर क उ र पु तका के अंदर दए गए अंक का आवरण के अंक के साथ मलान हो।
11. आवरण पृ पर दो तंभ के अंक का योग जाँच ल ।
12. उ र पु तका का मू यांकन करते ए य द कोई उ र पूण प से गलत हो तो उस पर (x) नशान
लगाएँ और शू य (0) अंक द।
13. उ र पु तका म कसी का बना जाँचे ए छू ट जाना या योग म कसी भूल का पता लगना,
मू यांकन स म त के सभी लोग क छ व को और बोड क त ा को धू मल करता है। परी क सु न त
कर क सभी उ र का मू यांकन आ है। आवरण पृ पर तथा योग म कोई अशु नह रह गई है तथा
कु ल योग को श द और अंक म लखा गया है।

Page 2

वषय हद (ऐ क) आदश - प 2025-26

क ा : यारहव अ धकतम अंक 80

1. अंक योजना का उ े य मू यांकन को अ धका धक व तु न बनाना है।
2. वणना मक के अंक योजना म दए गए उ र ब अं तम नह है ब क ये सुझावा मक एवम्
सांके तक ह।
3. य द परी ाथ इन सांके तक ब से भ , क तु उपयु उ र है, तो उ ह अंक दए जाएँ।
4. मू यांकन काय नजी ा या के अनुसार नह ब क अंक योजना म दए गए नदशानुसार ही कया
उपभाग उ र संकेत/ मु य ब नधा रत अंक
सं या वभाजन
1 1x5=5
i (ग) क और ख दोन सही ह 1
ii (क) थामस ए वा एडीसन ने 1
iii ((ख) दादा साहब फा के 1
( ग) मूक 1
iv
(क) लंदन 1
v
2 1x5=5
i (क) धीरज से 1
ii (क) रा 1
iii (ग) बेचन
ै 1
(क) जीवन भर 1
iv
(ख) पीर 1
v
3 1x 5=5
i (ख) तीन आने 1
(क) बेरोजगारी
ii (ग) टाच बेचने के लए 1
iii ( घ) जीवन म कभी हार न मानना 1
(ग) श क
iv 1
v 1

4 3+3+2+2=10
i हा मद ने अपनी दाद के लए चमटा खरीदा य क दाद के पास चमटा 3
नह था और वह अपने नंगे हाथ से आग पर चपा तयाँ घुमाती थी जससे
उनक उं ग लयाँ जल जाती थ ।

ii उसक माँ उसके पता के मरने के बाद उसे छोड़कर चली गई थी। उसके 3
र तेदार ने उसे पाला, उनके पास से भाग आया य क वे उसे ब त मारते
थे।

iii स े री अचानक मुंशी जी से बा रश के वषय म, कभी फू फा जी के 2
वषय म, कभी गंगाशरण बाबू क लड़क के वषय म बात करना ,मुंशी जी
के पास उसके का उ र न होना ,घर क आ थक त खराब होना
ले कन बात करने से कतराना।

Page 3

iv. लाल दे शभ , ां तकारी युवक , अपने दे श को टश सरकार क गुलामी 2
से आज़ाद कराना चाहता , कभी सरकार के व ष ं नह कया, उसे
ष ं कारी नह कह सकते ।

5 1x5=5
i ईदगाह, मुंशी ेमचंद 1
ii चमटा 1
iii तमे- हद और सभी खलौन का बादशाह 1
iv पैसे का खरीददारी म सही स पयोग के कारण 1
v घर म उपयोगी व तु खरीदने के कारण 1

6 1x5=5
i. (घ) नगुण 1
ii. (ग)उपयु दोन उ र सही ह 1
(ख) व लभ ृंगार
iii. (घ) उपयु सभी
1

iv. (क) पतनशील और सामंती व ा पर 1

v. 1
7 5
संग 1
ा या 3
का -सौ दय 1

8 3+3+2+2=10
i. कबीर के अनुसार स ी राह है क सभी मनु य एक समान ह और कसी 3
को भी कसी भी धम से े नह समझना चा हए।

ii. प नी क आँख से क व को ह मत मलती है, प नी क आँख उन दो हाथ 3
के समान ह जो येक परेशानी म मेरा सहारा बनी ई ह और उसे बखरने
-टू टने से बचाती ह।

iii. शाम होते ही कृ षक, उनक गाएँ तथा प ी घर क और लौट पड़ते ह। 2

iv. बादल के घरते समय हमालय पवत क चो टयाँ व और नमल बफ 2
से ढक ई , मैदानी े क उसम से ाकु ल होकर प ी हमालय क
झील म तैरने लगे , मानसरोवर म खले ए कमल पर बादल से नकलने
कर पड़नेवाली बूँदे मो तय जैसी थ ।
9 2+2+3=7
i. मोह मद इ ा हम गोहर अली, अशद, हा मद कं बर सैन, अ बास जी 2
अहमद और अ बास अली फदा।
ii. उनक गहरी भारतीयता, रंग का योग, मानवीय संवेदना का दशन, 2
iii. भारतीय सं कृ त, इ तहास और लोक-सं कृ त ।
पहले यह एक वग तक सी मत था।अब लोग कला क क अ धक करते 3
ह। ऐसा नह है क पहले लोग कला क क नह करते थे।

10 1x5=5
i. ऐसी या है जसके ारा एक , समूह या संगठन कसी अ य 1
, समूह या संगठन को सूचना, वचार, या भावनाएं ानांत रत करता
है।
ii. प का रता का एक कार है जसम गहरी जांच, गहन शोध और त य क 1
पु शा मल होती है।
iii. घटना के कालानु मक म को बा धत करके पहले घ टत घटना को 1
शा मल करने क कथा मक तकनीक।
iv. पूव म लखे गये कसी प क अनुपालना न होने पर प ा त करने वाले 1
को जब ेषक क ओर से पुनः मरण कराया जाता है।
v. डायरी ' श द लै टन भाषा के 'डाय रयम' DIARIUM से आया है। इसका 1
योग "दै नक भ 'े के लए होता था।आजकल त दन के काय म या

Page 4

घटना के ववरण क पु तका ।
11 2+3=5
i. सूचना सं ह एवं सार, सूचना व षे ण, श ण,सामा जक मू य एवं ान 2
का सं ेषण तथा लोग का मनोरंजन ।

ii. व भ े के महान य के बारे म सं त जानकारी दान करता 3
है। यह जानकारी उनके जीवन, काय, योगदान, और उनके ारा छोड़े गए
भाव के बारे म हो सकती है.

12 5x1=5
कथा, संरचना या ढाँचा, येक य के साथ होने वाली घटना के समय का
संकेत ,पा क ग त व धय के संकेत , य का बँटवारा, येक य के
साथ उस य के घटना ल का उललेख,पा के संवाद बोलने के ढं ग के
नदश , येक य के अंत म डज़ॉ व, फ़े ड आउट, कटटू जैसी जानकारी

अथवा
ववृ म अपना पूरा प रचय, पता, स क सू - (टे लीफोन, मोबाइल, ई-
मेल आ द), शै णक व ावसा यक यो यता के सल सलेवार ववरण
के साथ-साथ अ य संबं धत यो यता , वशेष उपल य , काय र
ग त व धय व अ भ चय का उ लेख।
13 2x 4=8
i. वह कसी भी प र त म डरने या घबराने से नह डरता है। उसे स ाई, 2
याय और स ांत से डर नह लगता। वह अपनी ज मेदारी को समझने
और स ाई को बना कसी डर के वीकार करने म स म होता है।

ii. "अ हसा परमो धम:" का अथ है क अ हसा ही सबसे बड़ा धम है। कसी 2
भी जी वत ाणी को नुकसान नह प ँचाना, कसी को चोट न प ँचाना,
कसी को ःख न दे ना और कसी पर भी ू रता नह करना।

iii. यह भावना मक और मान सक वा य को बढ़ावा, संबंध को मजबूत 2
करती है, और सकारा मकता और आ म-स मान को बढ़ाती है,नकारा मक
भावना से मु होने म मदद करती है, सहानुभू त और क णा से
वहार करने के लए े रत करती है।

iv. मे रया नामक जहाज म बंद होने पर वे समु म कू द पडे़ और तैरकर ांस 2
के तट पर जा प ँच।े

Document Details

Board / OrgHaryana Board
ExamClass 11
TypeSample Paper
Pages4
Updated24 Sep 2026